अमर उजाला ने फोर्टिस सिटी सेंटर के सहयोग से रूपांतरण हेल्थ एंड फिटनेस वर्कशाप का आयोजन फेस-8 मोहाली स्थित फोर्टिस अस्पताल के ऑडिटोरियम में किया।
वहां लगभग 250 रूपांतरण मेंबर्स ने अपने परिवार के साथ भाग लिया साथ ही तंबोला और फन गेम्स में भाग लेकर जायरा डायमंड की ओर से आकर्षक प्राइज भी जीते। नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रॉनिक और इंफार्मेशन टेक्नोलॉजी के निदेशक डॉ. एके द्विवेदी कार्यक्रम के मुख्य अतिथि थे।
ताजा गोल्ड, कैंट आरओ और जायरा डायमंड कार्यक्रम के सह प्रयोजक थे।
अमर उजाला ने रूपांतरण की सदस्यों को स्वस्थ और फिट रखने के लिए रविवार को फोर्टिस अस्पताल मोहाली के ऑडिटोरियम में स्त्रीरोग विशेषज्ञ, डॉ. शानुजीत कौर और क्लीनिकल न्यूट्रीशियनिस्ट डॉ. सोनिया गांधी ने फिट रखने के टिप्स दिए।
जो महिलाएं अपने रोजमर्रा के काम में व्यस्त रहने के कारण अपने हेल्थ पर ध्यान नहीं दे पाती हैं। हेल्थ वर्कशाप में आकर उन्हें अपने हेल्थ को फिट रखने की जानकारी पाकर बहुत ही खुश हुईं और साथ ही उन्होंने तंबोला और फन गेम्स में हिस्सा लेकर खूब मस्ती।
महिलाओं ने रूपांतरण के प्रति अपने विचार फीडबैक फार्र्म में व्यक्त किए। जायरा डायमंड की ओर से रूपांतरण सदस्य वीना सचदेवा ने तंबोला के जरिए एकाग्रता सिखाई और आकर्र्षक उपहार दिए।
हेड ऑफ फोर्टिस सिटी सेंटर, रूपिंदर कौर ने बताया कि महिलाओं के लिए ऐसे कार्यक्रम जरूर होने चाहिए, जिसमें उनको हेल्थ के साथ साथ मस्ती और अपने को फ्रेश करने का मौका मिले।
अमर उजाला का प्रयास सराहनीय
मुख्य अतिथि डॉ. एके द्विवेदी ने बताया कि आज हर क्षेत्र में महिलाएं अग्रणी हैं। इस तरह के कार्यक्रम महिलाओं को फिट रखने के साथ दिशा निर्देशित करता हैं, ताकि वे कहीं असफल न हो सके।
अमर उजाला का यह प्रयास बेहद सराहनीय है। फोर्टिस अस्पताल की स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. शानुजीत कौर ने बताया कि महिलाओं की जिंदगी में 3 भाग होते है।
शुरुआती दौर में लड़की का ध्यान माता-पिता को रखना पड़ता है। जैसे किसी के सामने उनको डांटना नहीं चाहिए और उनकी इज्जत करनी चाहिए उनको पूरी इज्जत देनी चाहिए।
20 से 45 वर्षीय महिलाओं को अपने खान पान का काफी ध्यान रखना चाहिए और मोनोपॉज में महिलाओं को एनीमिया की शिकायत होती है। इसी कारण उन्हें गुस्सा, चिड़चिड़ापन और थकावट होती है।
क्लीनिकल न्यूट्रीशियनिस्ट डॉ. सोनिया गांधी ने महिलाओं को डाइट का ध्यान रखने और प्रॉपर डाइट लेने की सलाह दी।
प्रतिभागियों ने साझा किए विचार
सोनाली टोंक ने कहा कि इस कार्यक्रम के माध्यम से हमें काफी सीखने को मिला। साथ ही महिलाओं में होने वाली बीमारी और उनके लक्षणों के बारे में विशेषज्ञ डॉक्टरों ने जानकारी दी। जो भविष्य में काफी लाभदाया होगी।
शिखा दीवान ने बताया कि मैं पहली बार रूपांतरण के कार्यक्रम में आई हूं और बहुत अच्छा लगा। उनके पति अमित दीवान ने उन्हें काफी प्रेरित किया। वह रूपांतरण के कार्यक्रम में हर बार आना चाहेंगी।
मंजीत अरोड़ा ने बताया कि मैं कैंसर पीड़ित रह चुकी हूं और उन्हें रूपांतरण के कार्यक्रम में अपनापन महसूस होता है। प्रेम मिलता है और बहुत कुछ सीखने को मिलता है इससे वह सुकून महसूस करती हैं।