हरियाणा की अलग गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी बनाए जाने के मुद्दे के समाधान के लिए अब श्री अकाल तख्त साहिब सक्रिय हो गया है। अकाल तख्त के जत्थेदार ज्ञानी गुरबचन सिंह ने बुधवार को हरियाणा की गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एडहॉक) के नेता जगदीश झींडा सहित अन्य सदस्यों को तलब किया है।
जत्थेदार ने मंगलवार को बताया कि अलग गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की मांग कर रहे हरियाणा के सिख नेताओं को बुधवार सुबह 11 बजे अकाल तख्त साहिब पर बुलाया गया है। इन नेताओं में जगदीश सिंह झींडा और अन्य शामिल हैं।
एसजीपीसी को टूटने से बचाने का प्रयास
पांच सिंह साहिबानों की मौजूदगी में झींडा ग्रुप के साथ बातचीत की जाएगी और इस मामले का हल निकाला जाएगा। एसजीपीसी को टूटने से बचाने के हर संभव प्रयास किए जाएंगे।
जत्थेदार ने कहा कि उन्हें पूरी आशा है कि इस विवाद का हल निकाल लिया जाएगा। पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह, दिल्ली कमेटी के अध्यक्ष परमजीत सिंह सरना और हरियाणा के वित्त मंत्री हरमोहिंदर सिंह के अलग सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी बनाने पर अपना समर्थन दे चुके हैं।
इस पर जत्थेदार ने कहा कि अभी इन तीनों को अकाल तख्त पर तलब करने के बारे में विचार नहीं किया गया है।
पांच सिंह साहिबानों की बैठक में कड़ा फैसला
उल्लेखनीय है कि एसजीपीसी के अध्यक्ष अवतार सिंह मक्कड़ ने ऐलान किया था कि जो भी अलग कमेटी की बात करेगा, उसे श्री अकाल तख्त साहिब पर तलब किया जाएगा। अकाली दल हरियाणा पहले ही अलग कमेटी के गठन के हक में डट चुका है।
एचएसजीपीसी की मांग पर जत्थेदार ने स्पष्ट किया कि अगर हरियाणा के सिख नेता अपनी मांग पर अड़े रहते हैं तो पांच सिंह साहिबानों की बैठक में विचार करके उनके खिलाफ कड़ा फैसला लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि अलग गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी बनाना सिखों को ग्रुपों में बांटकर उनकी शक्ति को कमजोर करना है।