एयरफोर्स में तकनीकी पदों पर भर्ती के लिए चल रही ऑनलाइन परीक्षा में फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ है। एयरफोर्स पुलिस की स्पेशल टीम ने शहर के हिसार बाईपास स्थित श्रीकृष्णा ऑनलाइन सोल्यूशन पर छापा मारा। लैपटॉप के जरिए एकेडमी के परीक्षा केंद्र में कम्प्यूटर सिस्टम हैक कर पेपर सॉल्व कर रहे दो लोगों को पकड़ लिया। इनके पास से पांच लैपटॉप बरामद हुए। ऑनलाइन पेपर हल कर उम्मीदवारों का चयन कराने वाले गिरोह के सदस्य एकेडमी के साथ लगते निजी अस्पताल की छत पर बने कमरे से यह फर्जीवाड़ा कर रहे थे। इन्हें पुलिस के हवाले कर दिया गया।
वीरवार को एयरफोर्स में विभिन्न तकनीकी पदों पर भर्ती के लिए परीक्षा होनी थी। इसके लिए श्रीकृष्णा ऑनलाइन सोल्यूशन में परीक्षा केंद्र बनाया गया था। यहां सुबह से ही परीक्षा देने वाले उम्मीदवारों की कतार लगनी शुरु हो गई। शाम तक यह सिलसिला जारी रहा। इसकी वजह यहां अलग-अलग बैच में परीक्षा कराया जाना रहा। इस ऑनलाइन परीक्षा के दौरान कम्प्यूटर सिस्टम हैक कर नकल कराई जा रही थी।
इसकी भनक लगने पर एयरफोर्स पुलिस की स्पेशल टीम अपने कमांडिंग ऑफिसर के साथ सुबह रोहतक पहुंची। इस दौरान छानबीन में उनके हाथ कुछ नहीं लगा। शाम को टीम के हाथ कुछ तथ्य लगे। इस पर छापा मारा तो नकल कराने का मामला सामने आया। यहां से दो लोगों को मौके पर ही पकड़ लिया गया। एकेडमी संचालक फरार है। पुलिस ने इस मामले में जांच शुरू कर दी।
अस्पताल के ऊपर बनाया था कंट्रोल रूम
ऑनलाइन परीक्षा में नकल कराने के लिए पहले से तैयारी थी। इसके लिए केंद्र के साथ लगते निजी अस्पताल के ऊपर बने कमरे को कंट्रोल रूम बनाया गया था। यहां एकेडमी के कम्प्यूटर सिस्टम हैक करने के लिए एक तार कमरे तक बिछाया गया। नकल कराने वाले गिरोह के सदस्यों ने कम्प्यूटर रिमोट पर लेकर उनका पेपर हल कराया।
नकल के खेल से रद्द होगी परीक्षा
ऑनलाइन भर्ती परीक्षा में कम्प्यूटर हैक कर नकल कराने का खुलासा उम्मीदवारों की परेशान बढ़ाएगा। इस फर्जीवाड़े का खुलासा करने वाले अधिकारियों की मानें तो यह परीक्षा रद्द होगी। उम्मीदवारों को अपने चयन का दूसरा मौका मिलने की उम्मीद कम है। इस बारे में एफरफोर्स के उच्चाधिकारी फैसला करेंगे। उनकी मंजूरी पर ही परीक्षा दोबारा हो सकती है।
एयरफोर्स की भर्ती के लिए ऑनलाइन परीक्षा चल रही थी। यहां कम्प्यूटर हैक कर नकल कराने का मामला सामने आया है। एयर फोर्स के अधिकारियों के साथ मिलकर पुलिस ने इसका खुलासा किया है।
-इंस्पेक्टर जगबीर, एसएचओ, शहर थाना