फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मुंह ढककर वाहन ड्राइव करने से पहले पढ़ लें सरकारी फरमान

Mon, 26 Sep 2016 04:23 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
विज्ञापन
मुंह ढककर ड्राइविंग करना
विज्ञापन
चंडीगढ़वासियों के लिए अहम सरकारी फरमान जार किया गया है। अब लोग मुंह ढककर वाहन ड्राइव नहीं कर सकेंगे। चालान भुगतना पड़ेगा। खासकर दोपहिया वाहन पर युवतियां मुंह ढककर ड्राइव करते हुए देखी जाती हैं। ट्रैफिक पुलिस अब शहर में वाहनों पर मुंह ढककर चलने पर बैन लगाने की तैयारी कर रही है। पुलिस का कहना है कि पंजाब के कई शहरों में इसे बैन कर दिया गया है।
विज्ञापन


एक्सीडेंट के चांस ज्यादा होते हैं
पुलिस का कहना है कि युवतियां दोपहिया वाहन पर पूरी तरह मुंह ढक लेती हैं और आंखों पर काला चश्मा लगाकर ड्राइव करती हैं। इससे उनकी विजन पर असर पड़ता है। चारों तरफ चेहरा ढका होने के कारण साइड से आ रहे वाहनों पर नजर नहीं पड़ती।

इससे देखा गया है कि कई बार युवतियां हादसे का शिकार भी हुई हैं। जानकारों का कहना है कि अगर चेहरा ढका न हो तो आसपास से आ रहे वाहनों पर नजर जाती है, जिससे हादसे होने का चांस कम होता है।
विज्ञापन


अपराधी भी इसका फायदा उठाते हैं
कई बार देखा गया है कि अपराधी भी मुंह ढककर पुलिस की आंखों से बच निकलते हैं। शहर में वैसे भी कई स्नैचिंग व लूट की वारदात में देखा गया है कि आरोपी वाहनों पर मुंह ढककर आए और महिलाओं से स्नैचिंग कर फरार हो गए।
विज्ञापन

ड्राइविंग करते हुए ईयरफोन पर करते हैं बात

मुंह ढककर ड्राइविंग करना
जानकारों का मानना है कि जब युवतियां या अन्य कोई मुंह ढककर वाहन चला रहा होता है, तो वह उसके अंदर ईयरफोन व मोबाइल रखकर बातें कर रहे होते हैं। ये भी हादसे का बड़ा कारण बनकर सामने आया है।

हेल्मेट पहनकर भी सूरज की रोशनी बचा जा सकता है
जो युवतियां कहती हैं कि वे प्रदूषण व तेज धूप से बचने के लिए रुमाल व दुपट्टे से मुंह ढकती हैं। उनको पुलिस कहती है कि अगर वे फुल फेस का हेलमेट पहनती हैं, तो उससे भी धूप व प्रदूषण से बचा जा सकता है। साथ ही सड़क हादसे के दौरान उनकी जिंदगी बचाने का भी हेल्मेट काम करेगा।

पंजाब में कई शहरों में लग चुकी है पाबंदी
बढ़ती स्नैचिंग व अन्य आपराधिक घटनाओं के चलते पंजाब के अमृतसर, जालंधर, फिरोजपुर, लुधियाना और पटियाला में पुलिस प्रशासन ने मुंह ढककर ड्राइव करने पर पाबंदी लगा रखी है।

5 साल में 124 महिलाओं की जान गई
पुलिस विभाग से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार 2011 से लेकर 2015 तक सड़क हादसों में 124 महिलाओं ने जान गंवाई हैं। जबकि 408  महिलाएं गंभीर व मामूली रूप से घायल हुईं। हर साल सड़क हादसों मरने वालों में महिलाओं का आंकड़ा बढ़ रहा है। पुलिस का कहना है कि इन हादसों में सबसे ज्यादा शिकार दोपहिया वाहन चालक महिलाएं हुई हैं।

प्रशासनिक अधिकारियों से चल रही है बातचीत
शहर में दोपहिया वाहन चलाते वक्त चेहरा ढक कर ड्राइव करने पर पांबदी लगाने व ऐसा न करने पर चालान करने के लिए पुलिस व प्रशासन के आला अधिकारियों में बातचीत चल रही है। कई अन्य शहरों में इस पर पाबंदी लग चुकी है। सहमति बनने पर चंडीगढ़ में इस तरह ड्राइव करने पर रोक लगा दी जाएगी। इसके बाद अगर कोई मुंह ढक कर वाहन चलाता मिलेगा तो उसका चालान होगा।
- यशपाल, डीएसपी ट्रैफिक
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें