पंचकूला। नागरिक अस्पताल में उस समय हंगामा हो गया जब एक महिला ने अपना मेडिकल परीक्षण न किए जाने पर परिसर में हंगामा शुरू कर दिया। महिला खुद को डॉक्टर बता रही है। उसका आरोप है कि उसके साथ गंभीर शारीरिक और मानसिक ज्यादती हुई है, लेकिन उसे चिकित्सकीय सहायता और न्याय देने में देरी की जा रही है।
सोनीपत निवासी महिला डॉक्टर ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि 6 जनवरी को सफीदों पुलिस के कुछ कर्मियों ने बिना किसी कोर्ट ऑर्डर या नोटिस के उसके साथ मारपीट की और उसे जबरन जींद जेल में डाल दिया। उसने पुलिस पर मर्यादा भंग करने का आरोप भी लगाया।
इस घटना के बाद महिला मदद की गुहार लगाने और मुख्यमंत्री से मिलने के लिए पंचकूला पहुंची थी। वहां मिले एक व्यक्ति ने उसे बहलाने-फुसलाकर उसका सामान व फोन ले लिया। महिला का दावा है कि वह व्यक्त उसे एक भवन ले गया जहां उससे जबरन शारीरिक संबंध बनाए गए और बच्चों को जान से मारने की धमकी दी गई।
रविवार को जब महिला मेडिकल जांच के लिए सेक्टर-6 नागरिक अस्पताल पहुंची तो वहां प्रक्रिया में देरी की गई। महिला ने डायल 112 को सूचना दी। टीम मौके पर पहुंची और सेक्टर-7 थाने से जांच अधिकारी मौके पर पहुंचे। बाद में मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए महिला थाना पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलने के बाद महिला थाना एसएचओ राजेश कुमारी अस्पताल पहुंची और महिला से बात की।