आप विधायक कुंवर विजय प्रताप सिंह।
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अमृतसर नॉर्थ से आम आदमी पार्टी के विधायक और पंजाब विधानसभा की सरकारी आश्वासन कमेटी के अध्यक्ष कुंवर विजय प्रताप सिंह ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। विधायक ने मंगलवार को ईमेल के जरिये पंजाब विधानसभा सचिव को अपना इस्तीफा भेज दिया। सूत्रों के मुताबिक विधानसभा अध्यक्ष कुलतार सिंह संधवां इस पर फैसला लेंगे।
बताया जा रहा है कि कुंवर विजय प्रताप सिंह ने 2015 के बेअदबी मामलों की जांच की समीक्षा के लिए बीती 20 जनवरी को मुख्य सचिव और पंजाब के डीजीपी की एक बैठक बुलाई थी। विधानसभा अध्यक्ष ने उसी दिन विधानसभा की समितियों की बैठक बुलाई थी लेकिन कुंवर द्वारा बुलाई गई बैठक की वजह से सभी कमेटियों की बैठकों को रद्द करना पड़ा। सूत्रों के मुताबिक इसी विवाद के बीच उन्होंने कमेटी के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया।
पूर्व आईपीएस ने पहले 2015 के बेअदबी मामलों से निपटारे के तरीके पर अपनी नाराजगी व्यक्त की थी। पिछले साल सितंबर में विधानसभा सत्र के दौरान उन्होंने अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक एलके यादव के नेतृत्व में पंजाब पुलिस के विशेष जांच दल (एसआईटी) द्वारा कोटकपूरा पुलिस गोलीकांड की जांच पर सवाल उठाया था। विधायक बनने से पहले कुंवर विजय प्रताप कोटकपूरा और बहिबलकलां गोलीकांड की जांच करने वाली एसआईटी से भी जुड़े थे। हालांकि, पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने पिछले साल नौ अप्रैल को उनकी जांच रिपोर्ट को रद्द कर दिया था। इसके बाद उन्होंने समय से पहले सेवानिवृत्ति ले ली। वह बाद में आम आदमी पार्टी में शामिल हो गए और अमृतसर उत्तर सीट से विधायक चुने गए।
फरीदकोट के बरगाड़ी में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी से जुड़ी घटनाएं 2015 में हुईं थीं। इन घटनाओं के दौरान विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए थे। पुलिस फायरिंग में बहिबल कलां में दो लोगों की मौत हो गई थी और इस दौरान कोटकपूरा में कुछ लोग घायल भी हुए थे।