‘आप’ प्रदर्शनकारियों की मांग थी कि नड्डा अपना बयान वापस लें और किसानों से माफी मांगें। ‘आप’ प्रदर्शनकारियों ने भाजपा दफ्तर की ओर कूच किया तो पहले ही नाका लगा कर पुलिस ने अचानक ही पानी की बौछार शुरू कर दी। इससे कार्यकर्ता तितर-बितर हो गए। इस दौरान आप विधायक और कार्यकर्ताओं को रोकने के लिए पुलिस ने बल का प्रयोग भी किया, जिससे दोनों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। इसमें कुछ आप कार्यकर्ता घायल भी हो गए।
महिला विंग की पूर्व प्रदेश अध्यक्ष राज लाली गिल और अणु बब्बर मोहाली समेत कई अन्य नेता जख्मी हो गए। बढ़ते विरोध को देखते हुए चंडीगढ़ पुलिस विधायक मीत हेयर सहित दो दर्जन से अधिक नेताओं और वालंटियरों को हिरासत में लेकर सेक्टर- 39 थाने लेकर गई, जहां से देर शाम उन्हें रिहा कर दिया गया।
प्रदर्शन करने वालों में अमरीक सिंह बंगड़, अमृतपाल सिंह बाघापुराना, हरभुपिंदर सिंह धरौड़, शविंदर सिंह खींडा जीरा, नरिंदर सिंह शेरगिल, परमिंदर गोल्डी, हरजीत सिंह बंटी, गोबिंदर मित्तल, गुरतेज पन्नू, विनीत वर्मा, कुलजीत सिंह रंधावा आदि नेता शामिल थे।
झंडे लेकर बाहर निकले भाजपा कार्यकर्ता
आप के भाजपा मुख्यालय घेराव के दौरान भारतीय जनता पार्टी कार्यालय से दर्जनों कार्यकर्ता हाथों में भाजपा के झंडे लेकर बाहर निकल आए। दोनों राजनीतिक दलों के बीच होने वाले टकराव को देखते हुए पुलिस के हाथ पांव फूल गए। हालांकि कुछ ही देर में हालातों पर पुलिस ने काबू पा लिया। समझाने के बाद भाजपा कार्यकर्ता कार्यालय में चले गए।