सेक्टर 21 महेशपुर की एक गर्भवती महिला की स्वाइन से मौत हो गई है। उसका इलाज पीजीआई में चल रहा था। अब तक जिले में स्वाइन फ्लू से सात लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं इस बीमारी की पुष्टि 35 लोगों में हुई है। इससे पहले माजरी गांव के ग्यारह माह के बच्चे और रामगढ़ की एक तीन साल की बच्ची की मौत स्वाइन फ्लू से हुई थी। पंचकूला के सिविल सर्जन वीके बंसल ने बताया कि स्वाइन फ्लू के मरीजों के लिए स्पेशल आईसोलेशन वार्ड बनाया गया है।
अब तक कहां से कितने स्वाइन फ्लू के मरीज आए
कालका से चार, एमडीसी सेक्टर पांच से एक, सेक्टर दस से एक, सेक्टर 21 से चार, सेक्टर 20 से दो, पिंजौर से तीन, बुढ़नपुर से एक, सेक्टर चार से एक, सेक्टर-19 से एक गर्भवती महिला, रामगढ़ से एक तीन साल की बच्ची में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। इसके अलावा अन्य पांच मामले अन्य जगहों से आ चुके हैं। पंचकूला से स्वाइन फ्लू के सबसे ज्यादा मामले कालका और सेक्टर 21 से आए हैं, ओल्ड पंचकूला, माजरी से एक, नाडा साहिब से एक सहित अन्य इलाकों से स्वाइन फ्लू के केस आए हैं।
चार डेंगू के मरीजों की पुष्टि
जिले में चार डेंगू के मरीजों की पुष्टि हुई है। ये मरीज पंचकूला सेक्टर 12ए, पिंजौर से दो व सकेतड़ी का एक मरीज शामिल है। अब तक जिले में डेंगू का आंकड़ा ग्यारह पहुंच चुका था। स्वास्थ्य विभाग की मलेरिया विंग ने इन जगहों पर स्प्रे करवाई है। इसके अलवा विंग के कर्मचारी लोगों के घरों में वाटर कूलर की चेकिंग कर रहे हैं।