चंडीगढ़। यूटी पुलिस के साइबर सेल ने एसबीआई बैंक में क्लर्क की नौकरी लगवाने के नाम पर 70 हजार रुपये की धोखाधड़ी करने वाले आरोपी को मोगा से गिरफ्तार किया। वह एमकॉम पास है। आरोपी ने फेसबुक पर धोखाधड़ी के मामले में प्रकाशित हुई एक खबर पड़ी थी, जिसके बाद उसने भी घटना को अंजाम दे दिया। आरोपी की पहचान मोगा निवासी हरप्रीत सिंह के रूप में हुई है। पुलिस ने उसे वीरवार को जिला अदालत में पेश किया, तो जज ने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
साइबर सेल पुलिस ने नरिंदर सिंह की शिकायत पर 19 नवंबर 2021 को धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया था। नरेंद्र ने शिकायत में आरोप लगाया था कि उसे परवीन शर्मा नाम के फेसबुक अकाउंट से मैसेज आया था। इस पर एक लड़की की तस्वीर लगी हुई थी। आरोपी ने एसबीआई बैंक में क्लर्क की नौकरी लगवाने के लिए मैसेज भेजा। इस पर उसने आरोपी से संपर्क किया। इसके बाद आरोपी ने नरेंद्र को फोन किया और उसे क्लर्क की नौकरी के लिए डिमांड ड्राफ्ट के माध्यम से 70 हजार रुपये जमा कराने को कहा। पैसे देने के बाद न तो उसे नौकरी मिली और न ही पैसा वापस मिला।
जांच के दौरान साइबर सेल के प्रभारी हरिओम शर्मा के नेतुत्व में पुलिस ने आरोपी की पहचान कर हरप्रीत सिंह को मोगा से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी नौकरी तलाशने वालों को फेसबुक मैसेंजर के जरिए संपर्क कर ठगता था। इसके अलावा पीड़ितों को अलग-अलग बैंक खातों में डिमांड ड्राफ्ट के रूप में पैसे जमा करवाता था। पुलिस ने आरोपी के पास से दो मोबाइल और दो सिम कार्ड भी बरामद किए हैं। पुलिस ने बताया कि आरोपी नशे का आदी है। परिजनों ने उसे बेदखल किया हुआ है। वह नशा मुक्ति केंद्र में भी रहकर आया है।