जत्थेदार ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने परमजीत सिंह सरना से कहा कि श्री करतारपुर साहिब में सुशोभित की जाने वाली सोने की पालकी के निर्माण का कार्य तुरंत रोक दिया जाए। पालकी साहिब के निर्माण के लिए अलग-अलग गुरुद्वारा साहिब में लगी सभी गोलक हटा दी जाएं। उन्होंने पूछा है कि सोने की पालकी के निर्माण में संगत ने अब तक कितना सोना व माया भेंट की है। कितनी राशि पालकी पर खर्च की गई है, कितना सोना पालकी पर लगाया गया है उसकी जानकारी श्री अकाल तख्त साहिब को भेजी जाए।
इस खर्च का विवरण अलग-अलग गुरुद्वारा साहिबान के बाहर एक फ्लैक्स बोर्ड के माध्यम से संगत को बताया जाए। गुरुद्वारा श्री करतारपुर साहिब में सोने की पालकी साहिब सुशोभित करने का फैसला सिख विद्वानों व सिख संगठनों के साथ विचार-विमर्श के बाद पांच सिंह साहिब के बैठक में किया जाएगा।
पालकी साहिब में खर्च की जाने वाली धनराशि पाक के सिख बच्चों पर करें खर्च
ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने बताया कि कुछ वर्ष पहले भी सरना की ओर एक सोने की पालकी गुरुद्वारा श्री ननकाना साहिब में सुशोभित करने के लिए भेजी गई थी। यह पालकी साहिब गुरुद्वारा परिसर में पड़ी है। इसका प्रयोग नहीं हुआ है। उन्हें जानकारी मिली है कि सोने की पालकी दोनों सरकारों की सहमति के बिना नहीं भेजी जा सकती। उन्होंने सरना से कहा कि वह सोने की पालकी में खर्च की जाने वाली राशि व सोना पाकिस्तान में बसे सिख बच्चों व परिवारों पर खर्च करे।