चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन पर कोरोना वायरस के चलते गुरुवार को पूरे दिन सन्नाटा छाया रहा। जहां सुबह और शाम के समय कभी पैर रखने की जगह नहीं मिलती थी, वहां 50 फीसदी रेल यात्री कम हो गए हैं। जहां टिकट बुकिंग काउंटर्स पर लोग टिकट के लिए घंटों लाइनों में लगे रहते थे। अब महज 5-10 लोग ही दिख रहे हैं। इतना ही नहीं कुछ ट्रेनें तो पूरी तरह से खाली चल रही हैं। इसके चलते रेलवे को नुकसान उठाना पड़ रहा है। पैसेंजर्स ट्रेने तो बिल्कुल खाली जा रही हैं।
साफ-सफाई पर पूरा ध्यान
एक यात्री नवीन ने बताया कि वह बुधवार को लखनऊ से चंडीगढ़ सद्भावना एक्सप्रेस से आए थे। कोरोना वायरस को लेकर ट्रेनों में उन्होंने इतनी साफ-सफाई पहले कभी नहीं देखी। रेलवे की ओर से सफाई पर इतना ध्यान दिया जा रहा है कि अंबाला तक आते-आते ट्रेन का पानी सुबह समाप्त हो गया था। इसके चलते अंबाला में पानी भरा गया है। बाकायदा केमिकल से वाश बेसिन की साफ सफाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि चंडीगढ़ जब वह ट्रेन से उतरे तो ट्रेन इतनी साफ थी कि देखकर ऐसा लग रहा था कि अभी इसकी सफाई हुई होगी।
सैनेटाइज किए जा रहे हैं रेलवे स्टेशन
चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन के स्टेशन मास्टर ने बताया कि रेलवे स्टेशन सहित आने वाली ट्रेनों को सैनेटाइज किया जा रहा है। वेटिंग एरिया की समुचित सफाई की जा रही है, जिससे कोई कमी न रह जाए। वहीं यात्रियों को जागरूक करने के लिए शताब्दी ट्रेनों में स्टीकर भी चस्पा किए जा रहे हैं, कि आप कोरोना वायरस से अपना बचाव कैसे कर सकते हैं।
कोरोना वायरस को देखते हुए चंडीगढ़ व्यापार मंडल (सीबीएम) की जनरल बॉडी मीटिंग 24 मार्च को होने वाली बैठक स्थगित कर दी गई है। मंडल के प्रधान अनिल वोहरा और सीबीएम के प्रशासनिक महासचिव बलजिंदर गुजराल ने यह फैसला सभी मैंबर्स के अनुरोध से किया है। उन्होंने चंडीगढ़ प्रशासन के निर्देशों का पालन करते हुए मीटिंग को स्थगित कर दिया है। प्रधान अनिल ने अपने सभी मैंबर्स से बीमारी से बचाव के लिए सावधानियां बरतने का आग्रह किया है। साथ ही स्वास्थ्य मंत्रालय की नीतियों का पालन करने की प्रार्थना की।
कोरोना के खौफ के बीच दो माह तक मंडी व राशन की दुकानें बंद होने का मैसेज वायरल हो गया। हालात यह हो गए कि वीरवार को सेक्टर 26 मंडी में हुजूम उमड़ पड़ा। राशन की दुकानों पर लंबी कतारें लग गईं। ज्यादातर ऑफिसों में काम करने वाले लोग भी दिन में ही खरीददारी करने निकल गए।
एडवाइजर मनोज परिदा ने पहले ही सूचित किया था कि न मंडियां बंद होंगी और न राशन की दुकानों पर सामान कम पड़ेगा। लेकिन अफवाहों ने लोगों की हालत खराब कर दी। यही वजह रही कि लोग एक साथ पांच से दस किलो तक सब्जियां घर ले गए। कीमतें भी काफी बढ़ गईं। उधर, राशन दुकानदार लोगों को बता रहे थे कि शहर में पूरा स्टॉक है। घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन लोग कुछ सुनने को तैयार नहीं थे।
सेक्टर 26 में सड़क पर लगा रहा जाम
काफी संख्या में लोग दो माह तक का सामान एक साथ लेने के लिए सेक्टर 26 मंडी पहुंचे थे। दिन भर सड़क पर हालात यह थे कि स्लिप रोड और साइकिल ट्रैक पर लोगों ने गाड़ियां खड़ी कर दी थीं। निकलने को जगह नहीं थी, इस कारण काफी जाम भी लग रहा था। रात 10 बजे तक सेक्टर 26 मंडी के पास ऐसे ही हालात रहे।
भीड़ को देख दुकानदारों ने बढ़ाए दाम
मंडी में सुबह से ही लोगों की भीड़ को देख दुकानदारों ने सब्जियों और फलों के दाम में 20 से 25 प्रतिशत तक का इजाफा कर दिया। वहीं राशन की दुकानों पर भी भाव बढ़ा दिए। वीरवार को दुकानदारों ने सब्जियों और दालों के दाम में इजाफा कर दिया। यह जानकारी जब सोशल मीडिया पर वायरल हुई तो प्रशासनिक अधिकारियों ने भी तत्काल दिशा-निर्देश जारी कर दिए। एसडीएम सेंट्रल नाजुक कुमार ने कहा कि अधिक दाम पर सामान बेचने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। समय-समय पर चेक किया जाएगा।