चंडीगढ़। शहर में बढ़ती आपराधिक घटनाओं के बीच पुलिस अब बॉर्डर से लेकर शहर के अंदर तक सुरक्षा का दोहरा घेरा तैयार करने जा रही है। पंजाब और हरियाणा से लगती चंडीगढ़ की सीमाओं पर 19 नई पुलिस चेक पोस्ट बनाई जाएंगी। करीब डेढ़ माह में इन पोस्ट को तैयार करने की योजना है। वहीं शहर में निगरानी का दायरा बढ़ाने के लिए 2000 और सीसीटीवी कैमरे लगाने के स्थान भी चिह्नित कर लिए गए हैं। नई चेक पोस्ट और कैमरों के जरिये संदिग्ध लोगों, वाहनों और गतिविधियों पर नजर रखने के साथ वारदात के बाद आरोपियों के भागने के रास्तों को ट्रैक करने पर भी पुलिस का फोकस रहेगा।
शुक्रवार को फॉसवेक की बैठक में शहर में बढ़ते अपराध और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस-प्रशासन के अधिकारियों के सामने लोगों ने अपनी चिंताएं रखीं। संवेदनशील इलाकों में पुलिस की मौजूदगी बढ़ाने और निगरानी मजबूत करने की मांग की गई। इस दौरान पुलिस की ओर से सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए उठाए जा रहे कदमों की जानकारी दी गई।
बॉर्डर पर बढ़ेगा पुलिस का पहरा
चंडीगढ़ की सीमाएं पंजाब व हरियाणा से लगती हैं और इन रास्तों से रोजाना बड़ी संख्या में वाहन शहर में आते-जाते हैं। किसी वारदात के बाद आरोपियों के शहर से बाहर निकलने की आशंका को देखते हुए बॉर्डर एरिया पुलिस के लिए महत्वपूर्ण हैं। नई चेक पोस्ट पर आने-जाने वाले वाहनों और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी। जरूरत पड़ने पर तत्काल जांच और कार्रवाई भी की जा सकेगी। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक चेक पोस्ट का उद्देश्य आम लोगों की आवाजाही रोकना नहीं बल्कि संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी बढ़ाना है। खासकर रात के समय पुलिस की मौजूदगी बढ़ने से सीमावर्ती इलाकों में सुरक्षा मजबूत होगी।
2000 कैमरों से बढ़ेगा निगरानी का दायरा
एसएसपी कंवरदीप कौर ने बताया कि शहर में करीब 2000 अतिरिक्त सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए पॉइंट चिह्नित किए गए हैं। इनमें अधिक आवाजाही वाले और अपराध की दृष्टि से संवेदनशील स्थान शामिल हैं। कैमरों के जरिये संदिग्ध वाहनों और लोगों की गतिविधियों को ट्रैक करने में मदद मिलेगी। किसी वारदात के बाद जांच में भी सीसीटीवी फुटेज अहम कड़ी बन सकती है।
अपराध रोकने के साथ वारदात के बाद ट्रैकिंग पर जोर
बैठक में होम सेक्रेटरी मनदीप बराड़ ने भी शहर की सुरक्षा व्यवस्था और अपराध रोकने के उपायों पर चर्चा की। पुलिस की मौजूदगी बढ़ाने के साथ आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल पर जोर दिया गया। 19 नई चेक पोस्ट और 2000 कैमरों की योजना को इसी सुरक्षा रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। इससे शहर में प्रवेश और निकास के प्रमुख रास्तों के साथ अंदरूनी इलाकों की निगरानी भी मजबूत होगी।