रक्षाबंधन: जमीं पर उतरा रिश्तों का बंधन
- सामान्य अस्पताल में महिला ने बेटा-बेटी को दिया जन्म
- पंचकूला में सात कन्याओं और आठ लड़कों ने लिया जन्म
- अस्पताल स्टाफ ने रक्षासूत्र बंधवा मनाया भाई-बहन का पवित्र त्योहार
अमर उजाला ब्यूरो
पंचकूला। भाई-बहन के प्रेम का प्रतीक रक्षाबंधन का त्योहार आज कई घरों में किलकारियां भी लेकर आया। राखी का ये बंधन एक घर में रिश्तों का अनोखा बंधन लेकर आया। यहां भाई-बहन एक साथ जमीं पर उतरे और सूने आंगन में दोहरी खुशियों की किलकारियां गूंजने लगी। वहीं, मां-बाप की इस खुशी में शामिल होने में सामान्य अस्पताल का स्टाफ भी पीछे नहीं रहा। जैसे ही महिला ने बेटा-बेटी का जन्म दिया। नर्सों ने बाजार से रक्षाबंधन मंगवाकर बहन के हाथों भाई की कलाई पर राखी बंधवाई। इतना ही नहीं खुशी में स्टाफ ने एक-दूसरे का मुंह भी मीठा करवाया।
परिजनों ने कहा कि ये कुदरत का करिश्मा ही है कि उन्हें रक्षाबंधन जैसे पवित्र त्योहार पर ऐसी खुशी मिली है। इसके अलावा सामान्य अस्पताल में रविवार को सात बच्चियों और सात बेटों ने जन्म लिया। ऐसे में किसी परिवार में भाई की कमी दूर हुई तो कहीं बहन की। इन परिवारों में भाई-बहन के रिश्तों की डोर और मजबूत हो गई। पंचकूला सेक्टर-20 निवासी रुचिका पत्नी रोहित ने बताया कि जैसे ही उन्हें नर्स ने बताया कि उन्होंने बेटा-बेटी को जन्म दिया है उनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा। इसकी सूचना मिलते ही परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई।