पिंजौर की हिमशिखा कालोनी में दिवाली से एक दिन पूर्व हुए सिलेंडर ब्लास्ट में 10वीं मौत भी हो गई। बुजुर्ग महिला ने दम तोड़ा। कमांड अस्पताल चंडी मंदिर में हादसे में घायल महिला रामेश्वरी देवी (60) का इलाज चल रहा था। देर रात उसने दम तोड़ दिया।
इसी के साथ हादसे में मरने वालों की संख्या 10 पहुंच गई है। रामेश्वरी देवी का अंतिम संस्कारण बुधवार को मनीमाजरा के श्मशान घाट में किया गया। हिमशिखा कालोनी में वे अपने बच्चों सहित किराए के मकान में रहती थीं।
क्या थी घटना:
दिवाली से एक दिन पूर्व रात करीब 10 बजे कालोनी के मकान नंबर 349 में हुई इस घटना से कालोनी निवासी अभी तक उबर नहीं पाए। मृतक कृष्णपाल बंसल के परिवार के अनुसार दिवाली से एक दिन पूर्व पूजा के बाद दीया पोते को रखने के लिए दिया था। उसने दीया घर में इधर उधर रख दिया।
इसके बाद वे सभी घर की पहली मंजिल पर खाना खाने चल गए। सिलेंडर लीक होने के कारण आग लग गई और लपटें तेजी से ऊपर उठने लगी। बंसल परिवार एक बार तो घर से बाहर गली में आ गया, लेकिन गली में खड़ी गाड़ी और सामान को बचाने के लिए दोबारा घर में चला गया। इसी दौरान घर में पहला ब्लास्ट हुआ, जिसमें बंसल परिवार के 7 सदस्यों में से 4 बुरी तरह झु़लस गए।
क्यों हुए इतने ज्यादा घायल:
जैसे ही आग लगने के बाद चीख पुकार मची आसपास के लोग सहायता के लिए गली में इकट्ठा हो गए। दूसरा ब्लास्ट हुआ और चारों ओर चीख पुकार मच गई। घटना में 34 लोग घायल हो गए। इसमें 10 लोगों की मौत हो चुकी है। मरने वालों में विकास भारद्वाज उर्फ बॉक्सर, कृष्णपाल बंसल, विकास बंसल, सचिन बंसल, तनु बंसल, योगेश कुमार उर्फ पहलवान, अभिमन्यु, डाक्टर विष्णु, रूपलाल और रामेश्वरी देवी का नाम शामिल है।