छात्रावास में वार्डन और कोच रूम तैयार हो चुका है और पांच टायलेट का निर्माण कार्य जारी है। छात्रावास को विधिवत मंजूरी मिलने बाद अब प्रदेशभर की करीब 20 छात्राओं का चयन किया जाएगा, जिनकी शिक्षा, रहने-खाने सहित प्रशिक्षण का तमाम खर्च शिक्षा विभाग उठाएगा।
गौरतलब है कि बास्केटबॉल गर्ल्स हॉस्टल बनाए जाने की मांग पिछले 7 दशकों से चली आ रही थी। इसे 15 मई 2017 को पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने मंजूरी दी थी और 27 अगस्त 2017 को इसका शिलान्यास भी किया था।
लेकिन अब जयराम सरकार ने इसे पूरी तरह से मंजूरी देकर इस शीघ्र चलाने के निर्देश दे दिए हैं। इससे क्षेत्र के लोगों ने प्रदेश सरकार का आभार जताया है।
उधर, सरकाघाट के विधायक कर्नल इंद्र सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार ने सरकाघाट को बास्केटबाल कन्या छात्रावास की बड़ी सौगात दी है। इसका फायदा प्रदेश के खिलाड़ियों को मिलेगा। सरकाघाट की जनता मुख्यमंत्री की आभारी है।