एचपीयू से जुड़े कॉलेजों में 2013 से यूजी में लागू रूसा सीबीसीएस (च्वाइस बेस्ड क्रेडिट सिस्टम) को ईसी ने ऑर्डिनेंस में शामिल करने की स्वीकृति दी। इससे करीब एक लाख छात्रों को राहत मिलेगी। बैठक कुलपति प्रो. एडीएन वाजपेयी की अध्यक्षता में हुई।
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ईसी ने विवि के संस्थान में चल रहे पांच वर्षीय विधि कोर्स से संबंधित संशोधन को भी प्रथम अध्यादेश में शामिल करने की मंजूरी दी। विवि में हुए शिक्षकों के साक्षात्कार के लिफाफे खोलने पर फैसला नहीं हुआ। सहायक आचार्य की नियुक्ति के संबंध में यूजीसी की अधिसूचना की प्रति प्राप्त होने पर इस पर कानूनी राय लेने के बाद ईसी में लाने का फैसला लिया।
बैठक में 2011-12 के वार्षिक लेखा-जोखा परीक्षा प्रतिवेदन को स्वीकृति देने के साथ विवि के 23वें दीक्षांत समारोह को स्वीकृति दी गई। कहा गया कि सर्वोच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश ने मुख्यातिथि के रूप में आने को मौखिक मंजूरी दी है।
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बैठक में रूसा सीबीसीएस को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए यूजीसी के दिशा-निर्देशों और सिलेबस को नए यूजी बैच को पढ़ाने को भी मंजूरी दे दी है। विवि के कमेटी रूम में हुई बैठक में शैक्षणिक परिषद और वित्त समिति की सिफारिशों को स्वीकृति दी गई।
कॉलेज शिक्षक भी करवा सकेंगे पीएचडी
कार्यकारी परिषद में रखे गए कॉलेज शिक्षकों को पीएचडी करवाने के लिए अधिकृत करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है।
- फोटो : अमर उजाला
कार्यकारी परिषद में रखे गए कॉलेज शिक्षकों को पीएचडी करवाने के लिए अधिकृत करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। जो कॉलेज प्राध्यापक पांच वर्ष का नियमित तौर पर पढ़ाने का अनुभव रखते हों और जिनके तीन पेपर प्रकाशित हो चुके हैं, पीएचडी करवाने के लिए पात्र होंगे। कॉलेज शिक्षकों की यह लंबे समय से मांग चली आ रही थी।
गणित में स्नातकोत्तर पर एमएससी गणित की डिग्री
भूगोल की तर्ज पर गणित विषय में स्नातकोत्तर डिग्री करने वाले छात्रों को एमएससी (गणित) की ही डिग्री दी जाएगी। इससे पूर्व दूरवर्ती मोड से गणित में पीजी करने वाले छात्रों को एमए गणित की डिग्री दी जाती थी।
सिलेबस एक समान होने पर अब रेगुलर और इक्डोल और साइंस बैकराउंड और आर्ट्स बैकराउंड से आकर गणित में स्नातकोत्तर डिग्री करने वालों को एमएससी गणित की डिग्री ही मिलेगी।
विवि ने डबल कर दी स्कॉलरशिप
विवि में बायोमीट्रिक मशीनें लगाकर कुलपति से लेकर सेवादार तक हाजिरी लगाना इससे सुनिश्चित करने को मंजूरी दी गई है।
- फोटो : फाइल फोटो
एचपीयू में कार्यकारी परिषद ने वित्त कमेटी के कई फैसलों को मंजूरी दे दी है। स्कालरशिप को बढ़ाने के फैसले को भी ईसी से मंजूरी मिली है, जिससे सब्जेक्ट, कोर्स और मेधावी व शोधकर्ताओं को दी जाने वाली 200 रुपये मासिक छात्रवृत्ति को 500
करने, शोधकर्ताओं की छात्रवृत्ति में एक से दो हजार की बढ़ोतरी करने और वायवा, शिक्षक गैर शिक्षक भर्ती को बाहरी विश्वविद्यालय व राज्यों से बुलाए जाने वाले विशेषज्ञों की फीस को दो हजार करने के वित्त कमेटी के फैसले को भी मंजूरी मिल गई है।
इसमें सबसे अधिक राहत विवि में सालों से अस्थायी तौर पर कार्यरत मैस हेल्पर को राहत मिलेगी। वित्त कमेटी ने काम के बोझ को देखते हुए सभी 15 मैस के लिए स्वीकृत पदों की संख्या बढ़ाकर 61 कर दी है। इनमें 24 पहले से स्थायी हैं, जबकि 34 अस्थायी। नियमों के मुताबिक शर्त पूरी करने वाले कर्मियों के नियमितीकरण का रास्ता साफ हो गया है।
वहीं विश्वविद्यालय की कार्यकारी परिषद में हुए 15 फैसलों में समरहिल चौक से संकाय भवन तक सड़क को विश्वविद्यालय के अधीन लाने का प्रस्ताव पारित हुआ। इक्डोल में अंतरराष्ट्रीय छात्र प्रकोष्ठ स्थापित करने, विवि में बायोमीट्रिक मशीनें लगाकर कुलपति से लेकर सेवादार तक हाजिरी लगाना इससे सुनिश्चित करने को मंजूरी दी गई है।
ईसी की बैठक में मौजूद वीसी एडीएन वाजपेयी।
- फोटो : अमर उजाला
निजी व सरकारी महाविद्यालयों के कार्यकारिणी परिषद् में अलग-अलग प्रतिनिधि भेजने, विवि के कॉलेज एफिलिएशन रेगुलेशन बनाने को गठित समिति की सिफारिशों को कार्यकारी परिषद ने मंजूर कर लिया है। एकीकृत हिमालयन अध्ययन
संस्थान (आईआईएचएस) परियोजना अधिकारी के पद पर प्रदेश सरकार के नियमों के तहत छह साल का कार्यकाल पूरा कर चुके तीन अधिकारियों को नियमित करने को स्वीकृति मिली है। वेब एनेबल्ड यूनिवर्सिटी मैनेजमेंट सिस्टम आईटीआई द्वारा नामांकन अध्ययन विश्वविद्यालय में लागू करने को समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर करने को मंजूरी दी गई है।
कार्यकारी परिषद की सदस्य (कर्मचारी) राज कुमारी ने बताया कि ईसी ने अधिकारियों के रिक्त पदों को भरने को पदोन्नति से भरने, तीन छात्रावास अटेंडेंट को रेगुलर करने, चार कुक के पद सृजित करने, चौकीदार की नियुक्ति व पदोन्नति नियमों को
अनुमोदित करने के साथ ही गणित विभाग के शिक्षक द्वारा ज्वाइन करने को एक साल का समय मांग करने के मामले को नामंजूर करते हुए एक माह में ज्वाइन करने का फैसला भी लिया है। राज कुमारी ने कर्मचारियों से जुड़ी मांगों को ईसी से मंजूरी दिए मिलने पर सभी सदस्यों और अधिकारियों का आभार जताया है।
बैठक में विवि के प्रति कुलपति प्रो. राजेंद्र सिंह चौहान, विवि के कुलसचिव डा. पंकज ललित, राज्य पर्यटन निगम के उपाध्यक्ष हरीश जनारथा, ईसी सदस्य प्रो. हिम चटर्जी, प्रो. एमएस चौहान, प्रो.जेबी नड्डा, डा. श्यामा जोशी, डा. कृष्ण वैद्य, डा. वाईके शर्मा और राजकुमारी उपस्थित थे।