फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Retail Inflation: औद्योगिक श्रमिकों के लिए खुदरा मुद्रास्फीति सितंबर में बढ़ी, 6.49 प्रतिशत पर पहुंची

Mon, 31 Oct 2022 08:22 PM IST
Amit Mandal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

चावल, गेहूं का आटा, भैंस का दूध, डेयरी मिल्क, पॉल्ट्री चिकन, गाजर, फूलगोबी, हरा धनिया, प्याज, आलू, टमाटर, वडा, इडली, डोसा इत्यादि सूचकांक को बढ़ाने में जिम्मेदार रहे।
विज्ञापन
Retail Inflation - फोटो : Social Media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

औद्योगिक श्रमिकों के लिए खुदरा मुद्रास्फीति सितंबर में बढ़कर 6.49 प्रतिशत हो गई। यह अगस्त, 2022 में 5.85 प्रतिशत थी। सरकार की तरफ से सोमवार को जारी सरकारी आंकड़ों के अनुसार, मुख्य रूप से खाने-पीने का सामान महंगा होने से खुदरा मुद्रास्फीति बढ़ी है। श्रम मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि सितंबर, 2022 के लिए मुद्रास्फीति दर पिछले महीने के 5.85 प्रतिशत तथा गत वर्ष के इसी माह के 4.40 प्रतिशत की तुलना में 6.49 प्रतिशत रही। 

विज्ञापन


इसी तरह खाद्य मुद्रास्फीति की दर इस साल अगस्त में 6.46 प्रतिशत और इससे पिछले वर्ष के इसी महीने में 2.26 प्रतिशत की तुलना में सितंबर, 2022 में 7.76 प्रतिशत रही। अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (औद्योगिक श्रमिक) सितंबर, 2022 में 1.1 अंक बढ़कर 131.3 अंक के स्तर पर पहुंच गया। यह अगस्त में 130.2 अंक था। सूचकांक में दर्ज वृद्धि का सबसे अधिक प्रभाव खाने-पीने के सामान का रहा। इसके कारण सूचकांक में 0.68 प्रतिशत अंक की वृद्धि हुई।

वस्तुओं की बात की जाए, तो चावल, गेहूं का आटा, भैंस का दूध, डेयरी मिल्क, पॉल्ट्री चिकन, गाजर, फूलगोबी, हरा धनिया, प्याज, आलू, टमाटर, वडा, इडली, डोसा इत्यादि सूचकांक को बढ़ाने में जिम्मेदार रहे। दूसरी तरफ ताजा मछली, पाम तेल, सरसों का तेल, सूरजमुखी का तेल, सोयाबीन तेल, सेब, हींग, संतरा, लौकी आदि ने सूचकांक में दर्ज वृद्धि को नियंत्रित करने का प्रयास किया।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें