11 राज्यों में कैश की किल्लत होने की बड़ी वजह सामने निकलकर आई है। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने अपनी एक रिपोर्ट में दावा किया है कि लोगों में छोटे नोटों की डिमांड ज्यादा होने से एटीएम खाली हो गए हैं।
नकदी में 70 हजार करोड़ की कमी
रिपोर्ट में कहा गया है देश डिजिटल और कैश ट्रांजेक्शन को लेकर के गलत अनुमान लगाया गया था,जिसकी वजह से यह संकट पैदा हुआ। यह राशि देशभर के एटीएम से महीने भर में निकाली जाने वाली रकम के एक तिहाई हिस्से के बराबर है।
मार्च में सिस्टम में 19.4 लाख करोड़ की नकदी होनी चाहिए, लेकिन 17.5 लाख करोड़ की नकदी ही मौजूद थी। यानी नकदी की जरूरत और उपलब्धता में 1.9 लाख करोड़ रुपये का अंतर रहा। वहीं, इस दौरान डिजिटल लेनदेन में खासी कमी दर्ज की गई।