इस साल अब तक 6.31 करोड़ रिटर्न दायर किए गए हैं। यह पिछले साल के 5.44 करोड़ रिटर्न से अधिक है। इस साल विभाग 95 लाख नए करदाताओं को जोड़ चुका है। 125 करोड़ आबादी और 7.5 फीसदी की आर्थिक वृद्धि दर वाले देश में केवल 1.5 लाख रिटर्न में आय एक करोड़ रुपये से अधिक दिखाई जा रही है।