आरबीआई ने नई पॉलिसी का ऐलान करते हुए कहा है कि एनबीएफसी कंपनियां भी इसके दायरे में आएंगी। वहीं इन कंपनियों को लोकपाल के दायरे में लाया जाएगा। इससे लोन लेनेवालों की शिकायतों का निपटारा बिना किसी खर्च के हो सकेगा।
आरबीआई ने सस्ती नहीं की आपकी ईएमआई
रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने उम्मीदों के मुताबिक आपकी लोन की ईएमआई में किसी तरह का बदलाव नहीं किया है। फिलहाल रेपो रेट 6 फीसदी और रिवर्स रेपो रेट 5.75 फीसदी पर बरकरार रखा है। रेपो रेट में किसी तरह का बदलाव न करने की वजह से आम जनता को बैंकों से सस्ता कर्ज मिलने की उम्मीदों पर झटका लगा है।
अभी भी रेपो रेट की दर 6 सालों में सबसे कम हैं। आरबीआई के गवर्नर उर्जित पटेल की अध्यक्षता में बनी मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (एमपीसी) ने दो दिन चली बैठक के बाद अपना निर्णय सुनाया। आरबीआई ने लगातार तीसरी बार रेपो रेट में किसी तरह का कोई बदलाव नहीं किया है।