हालांकि इस बैठक में एक ऐसा फैसला भी लिया जा सकता है, जिसे सुनकर आपका मन कड़वा हो सकता है। सरकार चीनी पर 5 फीसदी सेस लगा सकती है, जिसके चलते इसके दाम 15 रुपये प्रति किलो तक बढ़ सकते हैं। गन्ना किसानों का करीब 19,780 करोड़ रुपए का बकाया है। इस सेस से एक फंड बनेगा और उससे ही गन्ना किसानों का पैसा चुकाया जाएगा।
कारोबारियों को सिंगल रिटर्न फॉर्म
गुड्स एंड सर्विस टैक्स (जीएसटी) के दायरे में आने वाले करोड़ों कारोबारियों को केंद्र सरकार जल्द ही एक बड़ी सौगात देने जा रही है। इन कारोबारियों को हर महीने 3 रिटर्न फाइल करने की बाध्यता से मुक्ति मिलने वाली है। इससे कारोबारी अपना बिजनेस आसानी से कर सकेंगे।
अधिकारी करेंगे जांच
टैक्स की चोरी रोकने के लिए सिस्टम हर तिमाही पर एक ऐसी लिस्ट को जेनरेट करेगा, जिससे टैक्स जमा न करने वाले डिफॉल्टरों पर नजर रखी जा सकेगी। टैक्स अधिकारी फिर ऐसे कारोबारियों पर नकेल भी कसेंगे। बड़े डिफॉल्टर से एडवांस में टैक्स जमा कराने के लिए कहा जाएगा।
चालान का होगा ऑटो जेनरेशन
अब नए फॉर्म में टैक्स पेमेंट करने का चालान ऑटो जेनरेट होगा। यह इनपुट टैक्स क्रेडिट के अलावा होगा। इसके अलावा टैक्सपेयर के पास क्रेडिट राशि को एडिट करने का ऑप्शन भी होगा।