मोदी सरकार द्वारा की गई नोटबंदी को आज (8 नवंबर) एक साल पूरा हो गया। इस एक साल में काफी कुछ बदला है, लोग अब पहले के मुकाबले डिजिटल पेमेंट ज्यादा कर रहे हैं। इससे जुड़े आंकड़े बताते हैं कि डिजिटल पेमेंट धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ रही है।
पीएम मोदी के संसदीय क्षेत्र में नोटबंदी के बाद एक साल में 200 करोड़ का कैशलेस लेनदेन
रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया द्वारा जारी की गई रिपोर्ट के मुताबिक, सितंबर में डिजिटल पेमेंट का डाटा अगस्त के मुकाबले 13.5 प्रतिशत बढ़ा। अगस्त में यह 109.82 ट्रिलियन था जो सितंबर में 124.69 ट्रिलियन हो गया। आंकड़े बताते हैं कि सबसे ज्यादा डिजिटल पेमेंट मार्च के महीने में हुई थी तब यह आंकड़ा 149.59 ट्रिलियन था।
किन-किन तरीकों से हो रही डिजिटल पेमेंट: आंकड़ों के मुताबिक, डिजिटल वॉलेट, क्विक रेस्पांस (QR code), एनएफसी टेलनोलॉजी, यूपीआई और आधार पे के जरिए पेमेंट की जा रही है। पेटीएम, फ्री चार्ज, मोबीक्विक, फोनपे, भीम, गूगल तेज, एसबीआई बड्डी, आईसीआईसी पॉकेट, एचडीएफसी पेजैप, ऑक्सीजन डिजिटल पेमेंट करने के ऐप हैं।