ट्वीट मामले में फंसे सुप्रसिद्ध कारोबारी और मशहूर ऑटो कंपनी टेस्ला के प्रमुख एलन मस्क अमेरिका के प्रतिभूति एवं विनिमय आयोग (एसईसी) को जुर्माना भरने को तैयार हो गए हैं। वह आयोग को 2 करोड़ अमेरिकी डॉलर का जुर्माना भरेंगे। साथ ही वो कंपनी के चेयरमैन के रूप में अपने पद से इस्तीफा देंगे, लेकिन मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) बने रहेंगे।
आयोग ने मस्क पर कंपनी को निजी बनाने के संबंध में गलत बयान देकर प्रतिभूति धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया है। साथ ही आयोग ने एक संघीय अदालत में याचिका दायर कर मस्क को टेस्ला प्रमुख के पद से हटाने की मांग की थी।
उनके और प्रतिभूति एवं विनिमय आयोग के बीच इस मामले से संबंधित एक समझौता हुआ है, जिसमें यह तय हुआ है कि एलन मस्क 45 दिन के भीतर अपने पद से इस्तीफा देंगे और अगले तीन सालों तक चेयरमैन के रूप में कोई पद ग्रहण नहीं करेंगे। इसके अलावा वह कंपनी के बोर्ड में दो नए स्वतंत्र निदेशकों की भी नियुक्ति करेंगे।
दरअसल, मस्क ने 7 अगस्त को एक ट्वीट के जरिए सबको चौंका दिया था कि वह टेस्ला को निजी कंपनी में बदलने पर विचार कर रहे हैं। वह कंपनी के शेयरधारकों से 420 डॉलर के भाव से शेयर वापस लेना चाहते हैं। मस्क ने दावा किया था कि इसके लिए कंपनी ने धन की व्यवस्था भी कर ली है।
इस ट्वीट के बाद एसईसी ने मस्क के खिलाफ अदालत में याचिका दायर की थी और फंडिंग के बारे में गलत जानकारी देने और ट्वीट के जरिए निवेशकों को गुमराह करने का आरोप लगाया था। एसईसी ने अपनी याचिका में कहा था 'नियमों के अनुसार किसी भी घोषणा करने से पहले शेयर बाजार को सूचित करना पड़ता है। इस एक ट्वीट को करने के बाद कंपनी के शेयर भाव में असर देखने को मिला था। 7 अगस्त से लेकर के अभी तक कंपनी के शेयर 28 फीसदी गिर चुके हैं।'
हालांकि बाद में मस्क ने अपना फैसला बदल लिया था। उन्होंने कंपनी के ब्लॉग पर लिखा था, 'मैंने टेस्ला के बोर्ड के साथ बैठक की। मैंने उन्हें बताया कि मेरा मानना है कि टेस्ला के लिए एक सार्वजनिक कंपनी बने रहना ही बेहतर है। बोर्ड ने भी इस पर सहमति जताई है।'