करीब 70 करोड़ रुपये की इंपोर्ट ड्यूटी छिपाने के मामले में प्रमुख इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनी सैमसंग इंडिया को राजस्व खुफिया निदेशालय(डीआरआई) ने नोटिस भेजा है। यह मामला करीब 450 करोड़ रुपये के टैबलेट्स के आयात से जुड़ा है, जिन्हें कथित तौर पर कंपनी ने मोबाइल फोन बताकर इंपोर्ट किया है।
सैमसंग के अलावा कई दूसरी कंपनियां भी मोबाइल फोन के नाम पर टैबलेट कर आयात शुल्क बचा रही हैं। जल्द ही कई अन्य कंपनियां और इलेक्ट्रॉनिक्स आयातक भी डीआरआई के निशाने पर आ सकते हैं। मोबाइल फोन पर सिर्फ एक फीसदी आयात शुल्क है, जबकि टैबलेट्स पर 12 फीसदी ड्यूटी है।
इसलिए कई इलेक्ट्रॉनिक्स इंपोर्ट करने वाली कंपनियां मोबाइल फोन के नाम पर टैबलेट का आयात कर करोड़ों की ड्यूटी बचा रही हैं। डीआरआई के अधिकारियों का कहना है कि वर्ष 2012 और 2013 के दौरान दक्षिण कोरिया से टैबलेट इंपोर्ट कर करीब 70 करोड़ रुपये की इंपोर्ट ड्यूटी छिपाने के मामले में सैमसंग इंडिया को पिछले महीने नोटिस भेजा गया है।
उधर सैमसंग के प्रवक्ता का कहना है कि इस मामले में सरकार के साथ पूरा सहयोग किया जाएगा और अगर कोई गलतफहमी है तो उसे दूर किया जाएगा। कंपनी ने कस्टम से जुड़े भारतीय नियम-कानूनों का पूरी तरह पालन करने और पूरी इंपोर्ट ड्यूटी भरने का दावा किया है।