सरकार ने बोलीदाताओं की आपत्तियों पर समाधान के लिए पहले 27 जनवरी तक समय दिया था। इसके बाद अंतिम तिथि बढ़ाकर 11 फरवरी कर दी और बोलीदाताओं से लिखित में सवाल मांगे। इस पर सार्वजनिक संपत्ति निवेश एवं प्रबंधन विभाग (दीपम) ने 21 फरवरी को स्पष्टीकरण भी जारी कर दिया। इसमें 20 सवालों पर विभाग की ओर से स्पष्टीकरण दिया गया था। अब दीपम ने कहा है कि लिखित सवाल दाखिल करने का समय एक बार फिर बढ़ाकर 6 मार्च, 2020 कर दिया गया है। सरकार ने बोली जमा करने की अंतिम तारीख 17 मार्च तय की है और इसमें शामिल होने वाले बोलीदाताओं की नेटवर्थ 3,500 करोड़ होनी चाहिए।
वित्तीय चुनौतियों से जूझ रही है एयर इंडिया
नागर विमानन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा था कि एयर इंडिया वित्तीय चुनौतियों से जूझ रही है और यह तथ्य किसी से छिपा नहीं है। पुरी ने कहा, ‘‘मुझे नहीं लगता कि कोई भी किसी एयरलाइन को बिना उन लोगों के चला सकता है जिन्होंने उसे खड़ा किया है।’’
अधिग्रहण के लिए मैं पूरी तरह आश्वस्त हूं - पुरी
नागर विमानन मंत्री ने कहा, ‘‘ हम कभी भी इस मुगालते में नहीं रहे कि एयर इंडिया के विनिवेश में कोई दिक्कत आएगी, आनी भी नहीं चाहिए। इसके अधिग्रहण को लेकर जो रुचि मैं देख रहा हूं और जहां से देख रहा हूं, मैं पूरी तरह आश्वस्त हूं। कंपनी की बोली जो भी जीतेगा उसके लिए कर्मचारियों की जरूरत सबसे पहले होगी।’’
उन्होंने कहा, ‘‘लोग पुछते हैं कि (विनिवेश के बाद) कंपनी के कर्मचारियों का क्या होगा? जो भी इसका नया मालिक या प्रबंधक होगा उसे भी कर्मचारियों की जरूरत होगी। कई सालों से कंपनी में नयी भर्तियां नहीं हुई हैं।’’
राजीव बंसल ने दूसरी बार संभाला एयर इंडिया सीएमडी का पद
हाल ही में राजीव बंसल ने एयर इंडिया के अध्यक्ष और प्रबंधक निदेशक (सीएमडी) के तौर पर दूसरी बार पद ग्रहण किया था। इससे पहले वह तीन महीने के लिए अगस्त 2017 में भी अध्यक्ष पद पर रहें। उन्होंने अश्वनी लोहानी की जगह ली हैं।
उनकी नियुक्ति इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही हैं क्योंकि सरकार एक बार फिर से कर्ज में डूबे एयर इंडिया को बेचने पर जोर दे रही है।