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बजट से उम्मीदें: पहली बार मिल सकता है एक लाख करोड़ रुपये का आवंटन, सर्वाइकल कैंसर का टीका भी निशुल्क

Fri, 31 Jan 2025 06:40 AM IST
दीपक कुमार शर्मा कालीचरण, अजीत सिंह

सार

Budget 2025 Health Sector allocation: एक शीर्ष अधिकारी ने बताया, विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं को आगे जारी रखने के साथ रोग नियंत्रण और अनुसंधान गतिविधियों को बढ़ाने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय ने वित्त मंत्रालय से एक लाख करोड़ रुपये से अधिक का बजट मांगा है। 
 
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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देश की सेहत के लिहाज से जरूरी स्वास्थ्य क्षेत्र को मोदी 3.0 के दूसरे आम बजट में पहली बार एक लाख करोड़ रुपये का आवंटन मिल सकता है। इसमें एक हिस्सा नौ से 14 साल तक की बच्चियों के लिए निशुल्क सर्वाइकल कैंसर रोधी टीकाकरण के लिए हो सकता है। एक शीर्ष अधिकारी ने बताया, विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं को आगे जारी रखने के साथ रोग नियंत्रण और अनुसंधान गतिविधियों को बढ़ाने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय ने वित्त मंत्रालय से एक लाख करोड़ रुपये से अधिक का बजट मांगा है। 

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अधिकारी ने बताया, इस बार के बजट नया मुकाम हासिल करने की उम्मीद इसलिए भी है क्योंकि स्वास्थ्य क्षेत्र को 2022 में 75,731 करोड़, 2023 में 80,518 करोड़ और 2024 में 90,659 करोड़ रुपये मिले थे। इसी अवधि के दौरान मिले बजट का बड़ा हिस्सा राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) को क्रमश: 31,279 करोड़, 31,551 करोड़ और 36,000 करोड़ रुपये दिया गया। स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए बजट वृद्धि के यही ट्रेंड इस बार एक लाख करोड़ रुपये की उम्मीद का आधार बनते हैं।

फंड मिलते ही इस साल शुरू होगा टीकाकरण
वित्त मंत्री ने 2024 के अंतरिम बजट में सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए टीकाकरण की घोषणा की। हालांकि, फंड के अभाव में अभी तक यह कार्यक्रम शुरू नहीं हो पाया है। राष्ट्रीय टीकाकरण समिति के एक अधिकारी ने बताया, सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए पुणे स्थित सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया टीके का उत्पादन कर रहा है। देश में निशुल्क टीकाकरण की प्रक्रिया काफी हद तक आगे बढ़ी है। इस बजट में फंड मिलने के कुछ सप्ताह बाद ही इसे शुरू किया जा सकता है। अगले दो से तीन महीने में यह कार्यक्रम देशभर में लॉन्च हो सकता है, जिसके लिए करीब 2,000 करोड़ रुपये खर्च हो सकते हैं।
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देश के लिए टीके की अहमियत
यह टीकाकरण इसलिए जरूरी है, क्योंकि देश में सर्वाइकल कैंसर महिलाओं में दूसरा सबसे आम कैंसर है। वर्ष 2022 में भारत में सर्वाइकल कैंसर के करीब 1,27,000 नए मामले दर्ज हुए। इससे बचने के लिए एचपीवी नामक टीका दिया जाता है। यह भारत में ही तैयार किया गया स्वदेशी टीका है।

नौ तरह का लाभ दे रहा एनएचएम

स्वास्थ्य मंत्रालय के एक निदेशक ने कहा, बजट वृद्धि इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि केंद्र की कई महत्वाकांक्षी योजनाएं एनएचएम के तहत चलती हैं। सरकार 2014 से योजना के तहत नौ तरह के स्वास्थ्य लाभ जनता तक पहुंचा रही है।  इसी योजना में मिशन इंद्रधनुष चलाया जा रहा है, जिसमें नवजातों का टीकाकरण होता है। अब तक 5.46 करोड़ बच्चों व 1.32 करोड़ गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण हो चुका है।

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