दिल्ली की एक विशेष अदालत ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में आरोपी भूषण पावर एंड स्टील प्राइवेट लिमिटेड (बीपीएसएल) के पूर्व निदेशक, कंपनी सचिव, और सीएफओ सहित अन्य लोगों को जमानत दे दी। यह मामला कथित बैंक कर्ज धोखाधड़ी से जुड़ा है।
कोर्ट ने इस मामले के 23 आरोपियों को शनिवार को जमानत दे दी। सीबीआई के विशेष न्यायाधीश अरुण भारद्वाज ने जमानत मंजूर करते हुए कहा कि कोई भी आरोपी अदालत की अनुमति के बिना देश छोड़कर नहीं जाएगा और किसी भी गवाह को प्रभावित करने या सबूतों के साथ छेड़छाड़ करने की कोशिश नहीं करेगा।
अदालत ने कहा कि परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए सभी आरोपियों को एक लाख-एक लाख रुपये के निजी मुचलके और जमानत बांड के अधीन जमानत दी जाएगी। अदालत ने जमानत देते हुए कहा कि सभी आरोपियों के पासपोर्ट अदालत में जमा रहेंगे। आरोपियों को अदालत की अनुमति के बिना देश नहीं छोड़ने के निर्देश दिए गए हैं। इसी अदालत ने भूषण स्टील के पूर्व सीएमडी को इसी मामले में जमानत दी थी।