फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Sensex Opening Bell: फेडरल रिजर्व के फैसले के बाद लुढ़का बाजार, सेंसेक्स 400 अंक टूटा, निफ्टी 18050 के नीचे

Thu, 03 Nov 2022 10:04 AM IST
विवेक दास बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Sensex Opening Bell: अमेरिका के फेडरल रिजर्व  ने ब्याज दरों को 75-बेसिस पॉइंट तक बढ़ाने का फैसला लिया इसके असर से प्रमुख सूचकांक गुरुवार को कमजोरी के साथ खुले। बाजार में बैंकिंग, वित्तीय और आईटी शेयरों में गिरावट दिखी।
विज्ञापन
शेयर बाजार - फोटो : iStock
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अमेरिकी फेडरल रिजर्व ने लगातार चाैथी बार ब्याज दरोंं में 75 बेसिस प्वाइंट  की बढ़ोतरी की है। फेड ने साथ ही यह भी कहा है कि ब्याज दरों में वृद्धि अभी जारी रहेगी। फेडरल रिजर्व के इस फैसले का असर भारतीय बाजार पर भी पड़ा। वायदा कारोबार के एक्सपायरी के दिन गुरुवार को शुरुआती सेशन में सेंसेक्स 400 अंकों की गिरावट के साथ कारोबार करता दिखा। वहीं, दूसरी ओर निफ्टी कमजोरी के साथ 18000 के लेवल पर ट्रेड करता नजर आया। सेंसेक्स गुरुवार को 394 अंकों की गिरावट के साथ 60511 के स्तर पर और निफ्टी 114 अंकों की गिरावट के साथ 17968 के स्तर पर खुला। शुरुआती कारोबार में रिलेक्सो के शेयरों में पांच प्रतिशत की गिरावट जबकि कर्नाटका बैंक के शेयरों में दो प्रतिशत की तेजी दिख रही है।

विज्ञापन

सेंसेक्स में 0.52 अंकों की गिरावट दर्ज की गई 

उससे पहले अमेरिका के फेडरल रिजर्व  ने ब्याज दरों को 75-बेसिस पॉइंट तक बढ़ाने का फैसला लिया इसके असर से प्रमुख सूचकांक गुरुवार को कमजोरी के साथ खुले। बाजार में बैंकिंग, वित्तीय और आईटी शेयरों में गिरावट दिखी। शुरुआती सेशन में बीएसई सेंसेक्स 315 अंक या 0.52% की गिरावट के साथ 60,590 पर कारोबार करता दिखा। निफ्टी 85 अंक या 0.47% की गिरावट के साथ 17,997 पर कारोबार कर रहा था।

फेडरल रिजर्व के फैसले के बाद अमेरिकी बाजार में बिकवाली बढ़ी 

जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के मुख्य रणनीतिकार वीके विजयकुमार का मानना है कि ब्याज दरों में 75 बेसिस प्वाइंट की बढ़ोतरी और उसके बाद फेड की ओर से यह कहना कि अभी ब्याज दरों में और बढ़ोतरी की जाएगी, बाजार को रास नहीं आया है। विशेष रूप से फेड प्रमुख जे पॉवेल की टिप्पणी यह टिप्पणी की ब्याज दर और बढ़ेंगे, इससे बाजार में निराशा है। यही कारण है कि अमेरिकी बाजार में बिकवाली का मूड दिखा।
विज्ञापन

शेयर बाजार में कमजोरी के बावजूद भारत का बेहतर प्रदर्शन रह सकता है जारी 

हालांकि यूएस में हुई बिकवाली के बावजूद विजयकुमार का कहना है कि भारत का बेहतर प्रदर्शन जारी रह सकता है क्योंकि क्रेडिट वृद्धि, पूंजीगत व्यय और ऑटो बिक्री जैसे प्रमुख संकेतक मजबूत आर्थिक सुधार की ओर इशारा करते हैं। 12,610 करोड़ रुपये की एफपीआई खरीद जो पिछले 5 कारोबारी सत्रों के दौरान हुई है उससे निचले स्तरों पर बाजार को समर्थन मिल सकता है। उनका लार्ज-कैप बैंक, कैपिटल गुड्स और प्रीमियम ऑटो सेगमेंट में खरीदारी का सुझाव है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें