केंद्र सरकार ने देश भर के विभिन्न राज्यों में प्रवासी मजदूरों को एक बड़ी राहत देते हुए 5 किलो वाले 'फ्री ट्रेड एलपीजी' (एफटीएल) गैस सिलिंडरों का दैनिक आवंटन (कोटा) दोगुना करने का फैसला किया है। मौजूदा भू-राजनीतिक स्थिति के बीच सरकार यह सुनिश्चित करने का हर संभव प्रयास कर रही है कि देश में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की पर्याप्त उपलब्धता बनी रहे। पेट्रोलियम मंत्रालय के इस अहम नीतिगत फैसले से शहरों में काम करने वाले लाखों श्रमिकों को सीधा फायदा मिलेगा।
सरकार ने साफ किया है कि इन सबके बीच घरेलू एलपीजी और पीएनजी आपूर्ति के साथ-साथ अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों जैसे अति-महत्वपूर्ण क्षेत्रों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।
डिजिटल भुगतान को बढ़ावा और आपूर्ति का हाल
सरकार ने आम नागरिकों को सलाह दी है कि वे एलपीजी बुकिंग के लिए डिजिटल माध्यमों का ही उपयोग करें और जब तक बहुत जरूरी न हो, डिस्ट्रीब्यूटर के पास जाने से बचें। साथ ही, लोगों से अपील की गई है कि वे घबराहट में जरूरत से ज्यादा खरीदारी न करें और सूचनाओं के लिए केवल आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करें।