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जियो प्लेटफॉर्म्स: लिस्टिंग के दूसरे दिन शेयर 5% चढ़कर ₹1,482 के पार, जानिए निवेशकों को अब कितना रिटर्न?

Thu, 29 Oct 2026 10:10 AM IST
कुमार विवेक बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

लिस्टिंग के दिन 27 प्रतिशत की तेजी के बाद दूसरे दिन भी जियो प्लेटफॉर्म्स के शेयर 5 प्रतिशत उछले। इश्यू प्राइस से 32.5 प्रतिशत अधिक भाव पर पहुंचे शेयर को लेकर नोमुरा, मोतीलाल ओसवाल और एलारा कैपिटल ने दी खरीदारी की सलाह। पूरी रिपोर्ट पढ़ें।
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जियो प्लेटफॉर्म्स - फोटो : PTI
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विस्तार
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प्राथमिक बाजार में ब्लॉकबस्टर एंट्री और लिस्टिंग के दिन 27 प्रतिशत के तगड़े उछाल के बाद दूरसंचार क्षेत्र की दिग्गज कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड के शेयरों में तेजी का सिलसिला दूसरे दिन भी जारी रहा। गुरुवार को नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) पर कंपनी का शेयर पांच प्रतिशत की बढ़त दर्ज करते हुए ₹1,482.70 के स्तर पर पहुंच गया। इसके साथ ही कंपनी का शेयर अपने ₹1,119 के आईपीओ इश्यू प्राइस से 32.5 प्रतिशत से अधिक की बढ़त पर कारोबार कर रहा है। दलाल स्ट्रीट पर कंपनी के इस मजबूत प्रदर्शन के बीच प्रमुख विदेशी और घरेलू ब्रोकरेज हाउसों नोमुरा, मोतीलाल ओसवाल और एलारा कैपिटल ने शेयर पर 'बाय' रेटिंग के साथ अपनी कवरेज शुरू कर दी है।

दूसरे दिन शेयर बाजार में जियो प्लेटफॉर्म्स का प्रदर्शन कैसा रहा?

बुधवार को शेयर बाजार में डेब्यू करते हुए जियो प्लेटफॉर्म्स का शेयर इश्यू प्राइस ₹1,119 के मुकाबले 21.36 प्रतिशत प्रीमियम पर ₹1,358 पर सूचीबद्ध हुआ था। लिस्टिंग के पहले दिन यह 27 प्रतिशत की बढ़त के साथ ₹1,417 पर बंद हुआ था। 

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कारोबार के दूसरे दिन (गुरुवार) इसमें पुनः लिवाली का माहौल देखा गया:

  • एनएसई पर नया स्तर: शेयर बढ़कर ₹1,482.70 प्रति शेयर तक पहुंचा।
  • कुल लिस्टिंग गेन: आईपीओ में आवंटन पाने वाले निवेशकों को दो दिनों में 32.5% से अधिक का संचयी रिटर्न हासिल हुआ है।
  • मार्केट कैप रैंकिंग: ₹12.5 लाख करोड़ के शुरुआती बाजार मूल्यांकन के साथ जियो प्लेटफॉर्म्स, अपनी मूल कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज (₹15.95 लाख करोड़) के बाद भारत की दूसरी सबसे बड़ी सूचीबद्ध कंपनी बन गई है, जिसने भारती एयरटेल (₹12.1 लाख करोड़) को पीछे छोड़ दिया है।

आईपीओ की मांग और बाजार पूंजीकरण के क्या रहे आंकड़े?

जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ को निवेशकों से ऐतिहासिक प्रतिक्रिया मिली थी। बोली खुलने के महज 100 मिनट के भीतर यह पब्लिक इश्यू पूरी तरह सब्सक्राइब हो गया था, जबकि योग्य संस्थागत खरीदारों के लिए आरक्षित ₹5,500 करोड़ का हिस्सा शुरुआती 10 मिनट में ही भर गया था।

मांग के प्रमुख आंकड़े:

  • ओवरऑल सब्सक्रिप्शन: तीसरे दिन की समाप्ति तक कुल ऑफर का 22.2 गुना सब्सक्रिप्शन मिला।
  • संस्थागत सब्सक्रिप्शन: QIB श्रेणी में रिकॉर्ड 70.55 गुना आवेदन प्राप्त हुए।
  • मार्केट हैसियत: लिस्टिंग के साथ ही कंपनी देश की दूसरी सबसे मूल्यवान सूचीबद्ध कंपनी बन चुकी है।

शेयर पर 'बाय, सेल या होल्ड' में से क्या सलाह दी है?

कंपनी की लिस्टिंग के साथ ही सेबी-रजिस्टर्ड वैश्विक और घरेलू ब्रोकरेज फर्मों ने शेयर पर अपनी सिफारिशें जारी की हैं:

  • नोमुरा: 'बाय' रेटिंग देते हुए ₹1,340 का टारगेट प्राइस तय किया है। नोमुरा के अनुसार, अगस्त 2026 में जियो की वायरलेस सब्सक्राइबर हिस्सेदारी 41.7% रही। कंपनी का प्रति यूजर डेटा उपयोग भारती एयरटेल से 27% अधिक है और मंथली चर्न रेट 1.6% के न्यूनतम स्तर पर है। 
  • मोतीलाल ओसवाल: 'बाय' रेटिंग के साथ ₹1,350 का टारगेट प्राइस दिया है। ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी का वैल्युएशन निकट भविष्य में भारती एयरटेल के भारतीय कारोबार के मुकाबले प्रीमियम हासिल कर सकता है।
  • एलारा कैपिटल: 'बाय' रेटिंग के साथ ₹1,367 प्रति शेयर का टारगेट प्राइस निर्धारित किया है।

आय वृद्धि और कैपेक्स को लेकर क्या अनुमान जताया गया है?

ब्रोकरेज हाउसों ने कंपनी की बैलेंस शीट, कैपेक्स और प्रति यूजर औसत राजस्व में सुधार के स्पष्ट संकेत दिए हैं:

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टैरिफ बढ़ोतरी और एआरपीयू: ब्रोकरेज हाउसों के अनुसार, नवंबर-दिसंबर 2026 या वित्त वर्ष 2027 की दूसरी छमाही में 12 से 15 प्रतिशत की संभावित उद्योग-व्यापी टैरिफ वृद्धि से एआरपीयू में सीधा उछाल आएगा। एलारा कैपिटल के मुताबिक, जियो का एआरपीयू वित्त वर्ष 2026 के ₹214 से बढ़कर वित्त वर्ष 2029 में ₹257 पहुंच सकता है।

  • कैपेक्स में कमी: 5जी रोलआउट का बड़ा दौर पूरा होने के बाद कंपनी का पूंजीगत खर्च राजस्व के 35% (FY25) से घटकर वित्त वर्ष 2026 में 23% पर आने का अनुमान है, जिससे फ्री कैश फ्लो में सुधार होगा।
  • नेट डेट-फ्री बैलेंस शीट: नोमुरा का अनुमान है कि नेट डेट-टू-इक्विटी अनुपात वित्त वर्ष 2024 के 0.56x से घटकर वित्त वर्ष 2026 में 0.37x रह गया है और कंपनी वित्त वर्ष 2029 तक पूरी तरह नेट डेट-फ्री हो जाएगी।

शेयर बाजार में 32.5 प्रतिशत से अधिक के लिस्टिंग गेन और ₹12.5 लाख करोड़ के विशाल बाजार पूंजीकरण के साथ जियो प्लेटफॉर्म्स ने मजबूत परिचालन आधार प्रदर्शित किया है। कैपेक्स में कटौती, फ्री कैश-फ्लो में सुधार, टैरिफ बढ़ोतरी की संभावना और एआई तथा क्लाउड जैसी डिजिटल सेवाओं के विस्तार के दम पर ब्रोकरेज हाउसों ने इस शेयर पर दीर्घकालिक दृष्टिकोण से 'बाय' रुख बनाए रखने की सिफारिश की है।

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