ब्रुनेई की राजधानी बांदर सेरी बेगावान और भारत के चेन्नई के बीच सीधी विमान सेवा शुरू होगी। यह एलान प्रधानमंत्री नरेंद्र की ब्रुनेई यात्रा के दौरान की गई है। सीधी विमान सेवा के अलावा दोनों देशों ने रक्षा, अंतरिक्ष और लोगों के लोगों के बीच संबंध के क्षेत्र में भी अपसी सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई है।
विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर और ब्रुनेई के परिवहन और सूचना संचार मंत्री महामहिम पेंगिरन दातो शमहारी पेंगिरन दातो मुस्तफा ने उपग्रह और प्रक्षेपण वाहनों के लिए टेलीमेट्री, ट्रैकिंग और टेलीकमांड स्टेशन के संचालन में सहयोग पर समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किया। इस दौरान पीएम मोदी और ब्रुनेई के सुल्तान भी मौजूद रहे। वार्ता के बाद एक संयुक्त वक्तव्य जारी किया गया। विदेश मंत्रालय ने एक प्रेस विज्ञप्ति में इसकी जानकारी दी।
पीएम मोदी और ब्रुनेई सुल्तान ने पेरिस समझौते जैसे अंतरराष्ट्रीय जलवायु उद्देश्यों के अनुसार जलवायु परिवर्तन को संबोधित करने और इस बढ़ती चुनौती के प्रतिकूल प्रभावों को कम करने के प्रयासों को बढ़ाने की तत्काल आवश्यकता पर सहमति व्यक्त की। वे आईसीटी, फिनटेक, साइबर सुरक्षा, नई और उभरती प्रौद्योगिकियों और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में सहयोग की खोज और उसे आगे बढ़ाने पर सहमत हुए।
प्रधानमंत्री मोदी और ब्रुनेई के सुल्तान हाजी हसनल बोलकिया ने क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया। संयुक्त बयान में कहा गया कि दोनों नेताओं ने आतंकवाद की भी निंदा की। दोनों नेताओं नेआतंकवाद के सभी रूपों और अभिव्यक्तियों का विरोध किया और राष्ट्रों से इसे अस्वीकार करने का आह्वान किया गया।
उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि किसी भी देश को अपने नियंत्रण वाले क्षेत्र का उपयोग आतंकवाद के लिए नहीं करने देना चाहिए, किसी भी देश को आतंकवादियों को पनाह नहीं देनी चाहिए। दोनों नेताओं ने आतंकवादी कृत्यों के अपराधियों को न्याय के कटघरे में लाने के लिए मिलकर काम करने का संकल्प लिया।
आतंकवाद और अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध के बीच संबंधों को स्वीकार करते हुए दोनों नेताओं ने इस संबंध में सहयोग बढ़ाने पर सहमति व्यक्त की। दोनों पक्ष आतंकवाद से निपटने के लिए संयुक्त राष्ट्र और अन्य बहुपक्षीय मंचों पर मिलकर काम करने पर सहमत हुए।