महिलाओं के लिए रोजगारों का सृजन करने के उद्देश्य से दिग्गज आईटी कंपनी गूगल भारत में अपने इंटरनेट साथी कार्यक्रम विस्तार करेगी। गूगल यह कार्यक्रम टाटा ट्रस्ट की साझेदारी में चलाती है। गूगल ने मंगलवार को यह बात कही।
जुलाई 2015 में शुरू की गई इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण भारत में महिलाओं को डिजिटल रूप से साक्षर बनाना है। इस कार्यक्रम के माध्यम से अब तक 30,000 इंटरनेट साथियों को प्रशिक्षित किया गया है, जिन्होंने देश में 1.2 करोड़ महिलाओं की जिंदगी में बदलाव लाया है।
गूगल की मार्केटिंग हेड (दक्षिण-पूर्व एशिया तथा भारत) सपना चड्ढा ने कहा कि ग्रामीण इलाकों में महिलाओं द्वारा इंटरनेट का इस्तेमाल एक चुनौती है। पहले ग्रामीण भारत में इंटरनेट का इस्तेमाल करने वाले 10 लोगों में से एक महिला होती थी। दो साल बाद बढ़कर यह 10 में तीन हो गई।
महिलाओं ने शुरू किया अपना व्यापार
एक अध्ययन का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि जिन्होंने इंटरनेट साथी कार्यक्रम से प्रशिक्षण लिया है, वे यह महसूस करती हैं कि प्रशिक्षण के बाद उनकी सामाजिक व आर्थिक समझ में सुधार आया है। उन्होंने कहा कि उनमें से कई महिलाओं ने अपना खुद का व्यापार शुरू किया और इससे हमें प्रेरणा मिली कि इंटरनेट साथियों को रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए एक सतत ढांचे का निर्माण करें।
टाटा ट्रस्ट ने फाउंडेशन फॉर रूरल इंटरप्रेन्योरशिप डेवलपमेंट (एफआरईएनडी) की स्थापना की है, जो कंपनियों व संस्थानों को ग्रामीण इलाकों में सूचना व सेवाओं के प्रसार में इंटरनेट साथी की मदद लेने में मदद करेगा।