चीनी मिल में भ्रष्टाचार से जुड़े एक मामले में केंद्रीय एजेंसी ईडी ने कार्रवाई की है। महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री और एनसीपी विधायक हसन मुश्रीफ से जुड़े कई ठिकानों पर ईडी की छापेमारी चल रही है। बुधवार को जांच एजेंसी की ओर से इसकी जानकारी दी गई है।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, मनी लॉन्ड्रिंग जांच के सिलसिले में ईडी यह छापेमारी कर रही है। यह जांच मुश्रीफ से जुड़ीं कुछ चीनी मिलों के संचालन में कथित अनियमितताओं से संबंधित है। अधिकारियों ने कहा कि सुबह करीब साढ़े छह बजे से मुंबई, पुणे और कोल्हापुर में स्थित परिसरों में ईडी की टीमें छापेमारी कर रही हैं। 68 वर्षीय मुश्रीफ कोल्हापुर के कागल निर्वाचन क्षेत्र से एनसीपी के विधायक हैं। वह एनसीपी के उपाध्यक्ष भी हैं।
उधर, एनसीपी नेता हसन मुश्रीफ ने कहा है कि आज सुबह ईडी ने मेरे घर, मेरी बेटी के घर और मेरे रिश्तेदारों के घर पर छापा मारा। मैं अपने कार्यकर्ताओं से अनुरोध करता हूं कि वे शांति बनाए रखें और सरकारी कर्मचारियों को अपना काम करने दें। छापेमारी डेढ़ साल पहले भी हुई थी। मैंने एजेंसी को सारी जानकारी दी थी, पता नहीं फिर से छापे क्यों पड़ रहे हैं।
उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि आयकर विभाग ने वर्ष 2019 में उनके खिलाफ छापे मारे थे, तब उनके खिलाफ स्वामित्व तथा कुछ कंपनियों से लिंक और बेनामी संपत्ति से संबंधित आरोप लगे थे। उन्होंने दावा किया कि दोनों मामलों में अदालतों ने कार्यवाही पर रोक लगा दी है। सुप्रीम कोर्ट ने पिछले साल फैसला सुनाया था कि बेनामी लेनदेन विरोधी कानून को पूर्वव्यापी प्रभाव से लागू नहीं किया जा सकता है। केंद्र सरकार ने हाल ही में इस आदेश के खिलाफ पुनर्विचार याचिका दायर की है।
भाजपा नेता किरीट सोमैया ने वर्ष 2021 में आरोप लगाया था कि महाराष्ट्र के पूर्व ग्रामीण विकास मंत्री मुश्रीफ अपने परिवार के सदस्यों और कंपनियों के माध्यम से 'बेनामी' संस्थाओं के जरिए भ्रष्टाचार में लिप्त थे। हालांकि, एनसीपी ने तब इन आरोपों को खारिज किया था।
सेक्सटॉर्शन रैकेट की आरोपी अर्चना नाग का आलीशान बंगला कुर्क
वहीं, ईडी ने ओडिशा के हाई-प्रोफाइल सेक्सटॉर्शन रैकेट में मनी लॉन्ड्रिंग जांच के सिलसिले में मुख्य आरोपी अर्चना नाग के 3.64 करोड़ रुपये के आलीशान बंगले को कुर्क किया है। यह रैकेट भुवनेश्वर शहर और उसके आसपास चलाया जा रहा था। इससे पहले, ईडी ने धनशोधन निवारण अधिनियम 2002 की धारा 17 के तहत 56.5 लाख रुपये के दो वाहन जब्त किए थे।