देश भर में कोविड-19 के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। ऐसे में हेल्थ इंश्योरेंस की मांग भी बढ़ रही है। जिन लोगों ने पहले इंश्योरेंस नहीं ली थी, वे अब खरीद ले रहे हैं, वहीं जिन्होंने पहले से ही बीमा करा रखा था, वे इसका दायरा बढ़ा रहे हैं। वॉलमार्ट के स्वामित्व वाली डिजिटल पेमेंट कंपनी फोनपे द्वारा पिछले साल लॉन्च किए गए कोरोना वायरस बीमा उत्पाद की मांग भी बढ़ रही है। पिछले एक साल के बिक्री और दावों के आंकड़ों के विश्लेषण से पता चला है कि 75 फीसदी पॉलिसी टियर-1 शहरों के बाहर छोटे शहरों में ग्राहकों ने खरीदी है। इनमें मुख्य रूप से देश के छोटे शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों के उपयोगकर्ता शामिल हैं।
इस संदर्भ में फोनपे के उपाध्यक्ष और बीमा प्रमुख गुंजन घई ने कहा कि, पिछले कुछ हफ्तों में देश भर में कोविड-19 मामलों में दोबारा तेजी देखने को मिल रही है। केंद्र और राज्य सरकारें प्रकोप को रोकने के लिए कई कदम उठा रही हैं। कई भारतीयों के पास अभी भी स्वास्थ्य बीमा कवर नहीं है, जिसके कारण उन्हें अतिरिक्त वित्तीय बोझ उठाना पड़ सकता है। यह ध्यान में रखते हुए, हम बाजार में 2870 लाख से अधिक पंजीकृत उपयोगकर्ताओं के लिए कोरोना वायरस वायरस उत्पाद पेश क रहे हैं।
बिक्री में योगदान देने वाले शीर्ष राज्यों में महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, तेलंगाना और गुजरात शामिल हैं। मार्च 2021 में फरवरी के मुकाबले फोनपे ने कोरोना वायरस इंश्योरेंस की सेल में पांच गुना वृद्धि देखी है। ग्राहकों को दिए गए दावों के संदर्भ में, शीर्ष राज्यों में आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र और तेलंगाना शामिल हैं।
ग्राहकों के 3.5 करोड़ रुपये से अधिक के दावों का भुगतान किया जा चुका है। लगभग 75 फीसदी दावे देश के छोटे शहरों और ग्रामीण इलाकों में रहने वाले ग्राहकों के थे। मालूम हो कि फोनपे बजाज आलियांज जनरल इंश्योरेंस के साथ मिलकर यह बीमा प्रदान करता है। 50,000 रुपये के कवर के लिए वार्षिक प्रीमियम 396 रुपये से शुरू होता है। ग्राहक 541 रुपये के प्रीमियम के साथ 1,00,000 रुपये के उच्च कवर का विकल्प भी चुन सकते हैं।