इस बीच, तृणमूल कांग्रेस ने ईडी की इस कार्रवाई को राजनीतिक बदला बताया है। तृणमूल कांग्रेस की ओर से कहा गया है कि, 'दरअसल उन्हें अभिषेक से डर लगता है।' सूत्रों के मुताबिक अभिषेक से पूछताछ के लिए दिल्ली से ईडी के अधिकारी कोलकाता आएंगे। गौरतलब है कि कल ही ममता बनर्जी ने आशंका जताई थी कि कोयला तस्करी मामले में केंद्रीय एजेंसी अभिषेक को तलब कर सकती है।
अभिषेक बनर्जी और उनकी पत्नी रुजिरा बनर्जी पूछताछ कर चुकी है ईडी
बता दें कि ईडी भी बंगाल में कोयला के अवैध खनन व तस्करी के मामलों की जांच कर रही है। इस मामले में ईडी इससे पहले भी अभिषेक बनर्जी और उनकी पत्नी रुजिरा बनर्जी से भी पूछताछ कर चुकी है। कुछ माह पहले ईडी ने रुजिरा बनर्जी से साढ़े पांच घंटे पूछताछ की थी। उनके दो बैंक खातों के बारे में पूछताछ की गई थी।
आरोपितों के स्क्रीनशॉट दिखाकर की गई थी पूछताछ
इसके अलावा अन्य आरोपितों के मोबाइल फोन से स्क्रीनशाट दिखाकर भी उनसे पूछताछ की गई थी। उनसे पूछा गया था कि क्या वह उन्हें जानती हैं? अधिकारियों ने रुजिरा का बयान भी रिकार्ड किया था। ईडी ने दावा किया है कि कोयला तस्करी में अब तक 1,300 करोड़ रुपये के आर्थिक लेन-देन का पता चला है।
अभिषेक को तलब किए जाने पर तृणमूल के प्रवक्ता कुनाल घोष ने कहा, ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी ने कल की बैठक के बाद से ही अपनी आशंका व्यक्त की थी। यह वास्तव में राजनीतिक बदला है। दरअसल उन्हें अभिषेक से डर लगता है।
वहीं दूसरी ओर, कलकत्ता उच्च न्यायालय ने मंगलवार को ईडी को तृणमूल कांग्रेस सांसद अभिषेक बनर्जी की साली मेनका गंभीर से कथित कोयला घोटाले में एजेंसी के क्षेत्रीय कार्यालय में पूछताछ करने को कहा है। कोर्ट ने इसके साथ ही ईडी को सुनवाई की अगली तारीख तक मेनका के खिलाफ कठोर कदम नहीं उठाने का निर्देश दिया है।
न्यायमूर्ति मौसमी भट्टाचार्य ने केंद्रीय जांच एजेंसी को सितंबर में या जब भी मेनका गंभीर को तलब किया जाता है उनसे कोलकाता के जोनल कार्यालय में पूछताछ करने का निर्देश दिया। अदालत ने यह भी निर्देश दिया है कि इस मामले में पांच सप्ताह बाद फिर से सुनवाई की जाएगी।