निदेशालय ने सीबीआई की बैंक सुरक्षा और धोखाधड़ी सेल बेंगलुरु की ओर से दर्ज रिपोर्ट के आधार पर एसएलओ के डायरेक्टर अनिल कुमार ओझा और अन्य के खिलाफ जांच शुरू की थी।
प्रवर्तन निदेशालय ने बैक धोखाधड़ी से जुडे धन शोधन मामले में एसएलओ इंडस्ट्रीज लिमिटेड का प्लांट और मशीनरी जब्त कर ली है। 3.81 करोड़ रुपये कीमत की ये संपत्तियां धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत जब्त की गई हैं।
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निदेशालय ने सीबीआई की बैंक सुरक्षा और धोखाधड़ी सेल बेंगलुरु की ओर से दर्ज रिपोर्ट के आधार पर एसएलओ के डायरेक्टर अनिल कुमार ओझा और अन्य के खिलाफ जांच शुरू की थी। जांच में पता चला कि कंपनी ने कॉरपोरेशन बैंक (अब यूनियन बैंक) से विभिन्न ऋण सुविधाएं ले रखी थीं और 201.88 करोड़ का फर्जी लेन-देन किया।
एसएलओ ने अपने ग्रुप की अन्य कंपनियों के साथ खातों में हेराफेरी कर इस धन को हड़प लिया। सीबीआई की जांच में पता चला कि इस रकम को रियल एस्टेट में निवेश कर दिया गया। इससे पहले कंपनी 82.83 करोड़ रुपये की चल-अचल संपत्ति को अटैच किया जा चुका है।