नागर विमानन नियंत्रक डीजीसीए द्वारा हवाई कंपनियों को इराक और ईरान के ऊपर से न उड़ने का सुझाव देने के कुछ घंटों बाद ही एयर इंडिया ने कहा है कि वो वैकल्पिक रूट का इस्तेमाल करेगी। हालांकि इससे यूरोप आने-जाने वाली उड़ानों के समय में 40 मिनट की बढ़ोतरी हो जाएगी।
अमेरिका, मलयेशिया, सिंगापुर और चीन के बाद भारत भी सतर्क हो गया है। सूत्रों के अनुसार, भारतीय नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने विमानन कंपनियों को एडवाइजरी जारी करते हुए ईरान-इराक और खाड़ी देशों के वायुक्षेत्र के इस्तेमाल से बचने की सलाह दी है। विदेश मंत्रालय ने भारतीयों से अपील की है कि वे इराक की यात्रा न करें।
बता दें कि अमेरिका ने अपने यहां पंजीकृत विमानों के इराक, ईरान और खाड़ी क्षेत्र के ऊपर से गुजरने पर प्रतिबंध लगा दिया है। अमेरिकी संघीय उड्डयन प्रशासन (एफएए) ने यह कदम इराक में अमेरिकी बलों पर रॉकेट हमलों के बाद उठाया गया।
एफएए ने एक बयान में कहा कि आज रात नोटिस जारी कर अमेरिकी असैन्य उड़ान संचालकों के विमान संबंधी प्रतिबंधों के बारे में सूचित किया गया। इसमें इराक, ईरान के हवाई क्षेत्र पर और अरब की खाड़ी तथा ओमान की खाड़ी के जल क्षेत्र पर संचालन को प्रतिबंधित कर दिया गया है।