आज घरेलू बाजार में सोने की वायदा कीमत में गिरावट आई और चांदी में तेजी दर्ज की गई। एमसीएक्स पर अगस्त डिलीवरी वाला सोना वायदा 46,518 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। चांदी की बात करें, तो चांदी वायदा 0.16 फीसदी बढ़कर 68381 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई। पीली धातु पिछले साल के उच्चतम स्तर (56200 रुपये प्रति 10 ग्राम) से करीब नौ हजार रुपये नीचे है।
वैश्विक बाजार में इतनी है कीमत
वैश्विक बाजारों में हाजिर सोने का दाम गिरकर 1,763.63 डॉलर प्रति औंस पर रहा। इस महीने सोने में चार साल की सबसे अधिक मासिक गिरावट आई है। इस महीने सोना 7.5 फीसदी सस्ता हुआ है। अन्य कीमती धातुओं में चांदी 0.3 फीसदी बढ़कर 25.82 डॉलर प्रति औंस पर थी और प्लैटिनम 0.3 फीसदी बढ़कर 1,070.38
डॉलर प्रति औंस पर।
मई में 57 फीसदी गिरा गोल्ड ईटीएफ में निवेश
मई 2020 में गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड में शुद्ध निवेश इससे पिछले महीने की तुलना में 57 फीसदी घटकर 288 करोड़ रुपये रह गया। अप्रैल में यह 688 करोड़ रुपये था। निवेशकों द्वारा शेयर बाजारों का रुख करने की वजह से गोल्ड ईटीएफ में निवेश घटा है। एसोसिएशन ऑफ म्युचुअल फंड्स इन इंडिया (एम्फी) के आंकड़ों के मुताबिक गोल्ड ईटीएफ में निवेश घटने के बावजूद गोल्ड ईटीएफ के प्रबंधन के तहत परिसंपत्तियां (एयूएम) मई के अंत तक छह फीसदी बढ़कर 16,625 करोड़ रुपये पर पहुंच गईं, जो अप्रैल के अंत तक 15,629 करोड़ रुपये थीं। इससे पहले निवेशकों ने मार्च में गोल्ड ईटीएफ में 662 करोड़ रुपये डाले थे। फरवरी में उनका निवेश 491 करोड़ रुपये और जनवरी में 625 करोड़ रुपये रहा था।
स्वर्ण ईटीएफ सोने की कीमत पर आधारित होते हैं और उसके दाम में आने वाली घट-बढ़ पर ही इसका दाम भी घटता बढ़ता है। मालूम हो कि ईटीएफ का प्रवाह सोने में कमजोर निवेशक रुचि को दर्शाता है। एक मजबूत डॉलर अन्य मुद्राओं के धारकों के लिए सोने को अधिक महंगा बनाता है।