ट्रेन में ट्रेवल करते वक्त ठीक से बैठने की जगह मिल जाए तो लोग अपने आप को लकी मानते हैं, लेकिन अब भारतीय रेलवे ने यात्रियों के लिए नई सुविधा शुरू की है। अगर आप आराम से सफर करना चाहते हैं तो आप इसका चुनाव कर सकते हैं। इस कोच में ड्राइंग, डाइनिंग, किचन और दो बेडरूम होते हैं। इन्हें सैलून कोच कहा जाता है। आइए जानते हैं इसकी खास बातें....
विज्ञापन
2 of 4
train special coach
इन स्पेशल कोच में यात्रा कर रहे लोगों के लिए इतनी सुविधाएं हैं कि दो परिवार 5 दिनों तक इसमें आराम से रह सकता है। रेलवे सैलून में में एक लिविंग रूम है और 2 एयर कंडीशन्ड बेडरूम। इसकी सर्विस लेने के लिए आपको करीब 2 लाख रुपये तक खर्च करने होंगे।
विज्ञापन
3 of 4
train special coach
आपको बता दें, रेलवे में यह सैलून कोई नया नहीं बल्कि यह सालों पहले से चल रहे हैं। यह किसी चलते-फिरते लग्जरी होटल की तरह होते हैं। इन कोच को अंग्रेजों के जमाने में तैयार किया गया था। आजादी के बाद से इन सैलून की सुविधा राष्ट्रपति को दी जाती थी, लेकिन पिछले दस वर्षों से सैलून में राष्ट्रपति के दौरे का चलन थम गया था।
आखिरी बार पूर्व राष्ट्रपति डॉ एपीजे अब्दुल कलाम ने साल 2006 में इससे यात्रा की थी। इन रेलवे सैलून में पहले पूर्व राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद, डॉ एस राधाकृष्णन, डॉ जाकिर हुसैन, वीवी गिरि और डॉ एन संजीव रेड्डी भी यात्रा कर चुके हैं।आज तक इन कोच की सुविधा रेलवे के सभी आला अफसरों के लिए जारी है। मगर अब मंत्रालय ने आम लोगों के लिए इस सुविधा को देने की तैयारी की है। फिलहाल ऐसे कुल 336 सैलून हैं।