तमिलनाडु के कोयंबटूर में एक 13 साल की लड़की के पेट से कम से कम आधा किलो इंसानी बाल, प्लास्टिक के टुकड़े और शैंपू के कई खाली पैकेट निकले हैं। लड़की सातवीं कक्षा में पढ़ती है। दरअसल, पिछले कुछ महीनों से उसके पेट में लगातार दर्द हो रहा था, जिसके बाद उसके घरवाले उसे शहर के निजी वीजीएम अस्पताल में ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसके पेट से ये अजीबोगरीब चीजें निकाली।
अस्पताल के चेयरमैन वी. जी. मोहनप्रसाद ने बताया कि जब लड़की के पेट की स्कैनिंग की गई तो उसमें गेंद जैसी कोई चीज दिखाई दी, जिसके बाद एंडोस्कोपी के द्वारा उसे निकालने का फैसला किया गया। हालांकि डॉक्टरों का यह प्रयास विफल रहा, जिसके बाद ऑपरेशन के जरिए लड़की के पेट से उसे निकालने का फैसला लिया गया। इसके बाद सर्जन गोकुल कृपाशंकर और उनकी टीम ने सफल सर्जरी की और लड़की के पेट से इंसानी बाल और शैंपू के खाली पैकेट निकाले।
डॉक्टर गोकुल कृपाशंकर ने बताया कि लड़की के एक करीबी रिश्तेदार की मौत हो गई थी, जिसकी वजह से वो मानसिक रूप से काफी परेशान हो गई थी। इस कारण वो खाली पैकेट और बाल जैसी अजीबोगरीब चीजें खाने लगी, जिसकी वजह से उसके पेट में अक्सर दर्द होता था। उन्होंने बताया कि ऑपरेशन के बाद लड़की पूरी तरह से ठीक हो गई है और सामान्य है।
हालांकि किसी लड़की के पेट से इस तरह की अजीबोगरीब चीजें निकलने का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले पिछले साल चीन में एक 14 साल की लड़की के पेट से 100 से ज्यादा बबल टी बॉल्स निकाले गए थे। डॉक्टरों का कहना था कि लड़की हर रोज कई कप बबल टी पीती होगी और इसी वजह से उसके पेट में टैपिओका बॉल्स जमा हो गए थे।
इसके अलावा पिछले साल ही उत्तर प्रदेश के कानपुर में भी एक लड़की के पेट से बालों का गुच्छा निकाला गया था। वो अपने ही बाल नोंच-नोंच कर खा गई थी। डॉक्टरों का कहना था कि 'तारकोबेजार' नाम की एक मानसिक बीमारी होती है, जिसमें व्यक्ति अपने बाल नोंच-नोंच कर खाता है। इस लड़की को भी यही बीमारी थी।