जेल में बंद मारपीट के आरोपी एक कैदी की रविवार को मौत हो गई। मृतक की पहचान मुफस्सिल थाना क्षेत्र के मर्दापुर पश्चिम टोला निवासी विश्वनाथ चौहान के रूप में हुई है। वह स्व. रामायण महतो का पुत्र था। घटना के संबंध में मृतक की पत्नी गायत्री देवी ने बताया कि हमलोगों ने मकान का निर्माण कार्य शुरू किया था, जहां पट्टीदारों के साथ विवाद हो गया।
रविवार को अचानक सूचना मिली कि उनकी तबीयत खराब हो गई है। परिजन जब अस्पताल पहुंचे तो उनकी मौत हो चुकी थी। वहीं, जेल प्रशासन का कहना है कि रविवार को अचानक विश्वनाथ चौहान को सांस लेने में दिक्कत हुई। उन्हें एंबुलेंस से सदर अस्पताल ले जाया जा रहा था, इसी दौरान उनकी मौत हो गई। इधर, मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
परिजनों ने लगाया मारपीट का आरोप
इधर, सदर अस्पताल में मौजूद परिजनों ने मृतक विश्वनाथ चौहान के साथ जेल में मारपीट किए जाने का आरोप लगाया है। मृतक के परिजनों का कहना है कि विश्वनाथ चौहान के साथ जेल में मारपीट की गई और चोट लगने के बाद उनका इलाज नहीं कराया गया, जिसके कारण उनकी मौत हो गई। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि वे जब भी विश्वनाथ चौहान से मिलने जाते थे, तो उन्हें मिलने नहीं दिया जाता था।
प्लंबर का काम करता था विश्वनाथ चौहान
पटना में कराया जाएगा पोस्टमार्टम
बताया जाता है कि जेल में बंद कैदी की मौत के बाद उसका पोस्टमार्टम पटना में कराया जाएगा। जेल कर्मियों के अनुसार, कैदी की मौत होने के बाद चिकित्सकों के बोर्ड की निगरानी में पटना में पोस्टमार्टम कराया जाता है। इसके बाद पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही जेल प्रशासन आगे की प्रक्रिया पूरी करेगा।