गोपालगंज जिले के कुचायकोट प्रखंड के सिपाया ढाला के पास दाहा नहर पर बना डायवर्सन टूट गया। डायवर्सन टूटने से वहां से आवागमन बंद हो गया, जिसे लेकर ग्रामीणों ने जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उचित और सुरक्षित डायवर्सन का निर्माण न होने की वजह से पानी के तेज बहाव ने संपर्क पथ को तोड़ दिया, जिससे हजारों लोगों का आवागमन ठप हो गया। डायवर्सन टूटने से सिपाया बाजार और अन्य गांवों से दर्जनों गांवों का संपर्क कट गया है, जिससे स्थानीय लोग काफी परेशान हैं।
असुरक्षित डायवर्सन बना बड़ा मुद्दा
जानकारी के मुताबिक, भठवां-सिपाया-कोंहवा सड़क के निर्माण के दौरान दाहा नहर पर स्थित पुराने पुल को तोड़ दिया गया था। उसके बाद निर्माण एजेंसी ने अस्थायी रूप से एक डायवर्सन तैयार किया था। लेकिन स्थानीय लोगों का कहना है कि यह डायवर्सन काफी असुरक्षित और अस्थायी था, जिससे अक्सर दुर्घटनाएं हो रही थीं और गाड़ियां पलट रही थीं। ग्रामीण कई बार इस मुद्दे को अधिकारियों के संज्ञान में लाए, लेकिन उनकी शिकायतों को नजरअंदाज किया गया, जिसके परिणामस्वरूप यह डायवर्सन टूट गया।
प्रदर्शनकारी ग्रामीणों की मांग
ग्रामीणों ने मांग की है कि प्रशासन जल्द से जल्द इस डायवर्सन को ठीक करे, ताकि आवागमन बहाल हो सके। भाजपा मंडल अध्यक्ष चंदन तिवारी ने आरोप लगाया कि पुल को बिना उचित अनुमति के तोड़ा गया, जबकि वह पुल अच्छी अवस्था में था। उन्होंने कहा कि इस मामले की जांच होनी चाहिए और संबंधित ठेकेदार पर कार्रवाई की जानी चाहिए।
प्रदर्शन में शामिल ग्रामीणों का कहना है कि अगर जल्द से जल्द आवागमन बहाल नहीं किया गया, तो वे उग्र आंदोलन करेंगे। इस प्रदर्शन में चंदन तिवारी, सुभाष तिवारी, सुदामा यादव, अखिलेश शुक्ल, धर्मेंद्र साह सहित अन्य स्थानीय नेता और ग्रामीण शामिल थे।
प्रशासन की लापरवाही
प्रदर्शनकारियों ने विभागीय अधिकारियों और ठेकेदारों पर लापरवाही का आरोप लगाया, जिससे जनता को इस समस्या का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के अंतर्गत निर्माणाधीन यह सड़क प्रखंड और जिला मुख्यालय से जोड़ने वाला एक महत्वपूर्ण मार्ग है। इसके बंद होने से हजारों लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित हो रही है।