पूर्णिया जिले की नवनियुक्त एसपी स्वीटी सहरावत ने मंगलवार को औपचारिक रूप से पदभार ग्रहण किया। इस मौके पर पूर्व एसपी कार्तिकेय शर्मा ने उन्हें चार्ज सौंपा। चार्ज लेने से पहले पुलिस बल की ओर से उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
पदभार ग्रहण करने के बाद एसपी स्वीटी सहरावत ने मीडिया से बातचीत में कहा कि जिले में अपराध नियंत्रण उनकी प्राथमिकता होगी। उन्होंने कहा कि पूर्व एसपी ने जिले में बेहतर काम किया है और वह उस दिशा में और मजबूत कदम उठाएंगी। विशेष रूप से स्मैक तस्करी और अन्य अपराधों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
एसपी ने कहा कि पूर्णिया एक बड़ा और ऐतिहासिक जिला है, जहां नई एसपी के रूप में कई चुनौतियां हैं। लेकिन वह इन चुनौतियों का डटकर सामना करेंगी और आमजन के लिए सहज, सुलभ और संवेदनशील पुलिसिंग को सुनिश्चित करेंगी।
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पूर्व एसपी का पटना तबादला
गौरतलब है कि पूर्णिया के पूर्व एसपी कार्तिकेय शर्मा का स्थानांतरण पटना में एसएसपी पद पर हुआ है। चार्ज देने के बाद वह पटना रवाना हो गए। वहीं, एसपी स्वीटी सहरावत के आगमन से जिले में कानून व्यवस्था को लेकर लोगों में नई उम्मीद जगी है। उनकी कार्यशैली और अब तक के अनुभवों को देखते हुए लोग अपराध पर प्रभावी नियंत्रण की अपेक्षा कर रहे हैं।
कौन हैं एसपी स्वीटी सहरावत
आईपीएस स्वीटी सहरावत 2019 बैच की अधिकारी हैं। अपनी सख्त कार्यशैली और कड़े फैसलों के लिए जानी जाती हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत औरंगाबाद में बतौर सिटी एसपी की थी। पहली पोस्टिंग के दौरान ही वह चर्चा में आई थीं, जब पूर्व डीजीपी निखिल कुमार से औरंगाबाद में किसी मुद्दे पर उनकी तीखी नोकझोंक हुई थी। यह मामला उस वक्त काफी सुर्खियों में रहा था।
इसके अलावा, बीपीएससी अभ्यर्थियों के प्रदर्शन के दौरान भी स्वीटी सहरावत की भूमिका चर्चा में रही। 70वीं बीपीएससी परीक्षा के बाद हुए विरोध-प्रदर्शन में पुलिस ने गांधी मैदान और जेपी गोलंबर इलाके में प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज और वाटर कैनन का इस्तेमाल किया था। इस दौरान उनकी प्रशांत किशोर से भी बहस हुई थी, लेकिन उन्होंने स्थिति को नियंत्रित करते हुए कानून व्यवस्था बनाए रखी। अब पूर्णिया की कमान संभालने के बाद एसपी स्वीटी सहरावत के सामने अपराध नियंत्रण, नशा तस्करी पर रोक और जनता के साथ संवाद बनाए रखना बड़ी चुनौती होगी।