पटना के फतुहा स्थित फतेहजंगपुर में एक दिल दहला देने वाला हादसा हुआ, जिसमें सात लोग आग में झुलस गए। इनमें से छह की हालत नाजुक बताई जा रही है, जबकि एक युवक की स्थिति खतरे से बाहर है। घटना के बाद सभी घायलों को इलाज के लिए पटना मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (PMCH) में भर्ती कराया गया है।
पति-पत्नी के झगड़े ने लिया खौफनाक मोड़
जानकारी के अनुसार, यह हादसा पति-पत्नी के बीच हुए घरेलू विवाद के कारण हुआ। गुरुवार रात राकेश चौधरी और उसकी पत्नी के बीच झगड़ा हुआ था, जो मारपीट तक पहुंच गया। इसी गुस्से में शुक्रवार को राकेश चौधरी ने अपने ऊपर केरोसिन तेल डाल लिया और खुद को जलाने की कोशिश की। लेकिन इसी बीच तेल अन्य लोगों के ऊपर भी गिर गया और जब तक कोई कुछ समझ पाता, राकेश ने माचिस जलाकर अपने ऊपर फेंक दी। इससे आसपास मौजूद सभी लोग आग की चपेट में आ गए और गंभीर रूप से झुलस गए।
घायलों की हालत गंभीर, अस्पताल में भर्ती
इस हादसे में झुलसे सभी सात लोगों को आनन-फानन में पटना के पीएमसीएच अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों के अनुसार, छह लोगों की स्थिति नाजुक बनी हुई है, जबकि एक युवक की हालत स्थिर बताई जा रही है। झुलसे हुए लोगों में दो महिलाएं और पांच पुरुष शामिल हैं। घायलों की पहचान गुड़िया देवी (40), मुकेश चौधरी (26), प्रमोद ठाकुर (30), जैकी कुमार (28), अर्जुन चौधरी (65), शांति देवी (50) और राकेश कुमार (28) के रूप में हुई है।
पहले बताया गया था सिलेंडर ब्लास्ट
घटना के तुरंत बाद इलाके में अफवाह फैल गई थी कि यह हादसा सिलेंडर ब्लास्ट के कारण हुआ है। लेकिन जब फतुहा एसडीपीओ निखिल कुमार घटनास्थल पर पहुंचे, तो जांच में केरोसिन तेल से जलने की सच्चाई सामने आई। फतुहा एसडीपीओ ने बताया कि प्रारंभिक जांच में हमें सिलेंडर ब्लास्ट की सूचना मिली थी, लेकिन जब मौके पर पहुंचे तो पता चला कि यह हादसा घरेलू विवाद के कारण हुआ है। फिलहाल सभी घायलों का पीएमसीएच में इलाज जारी है और छह की हालत गंभीर बनी हुई है।
इलाके में दहशत, पुलिस कर रही जांच
इस दर्दनाक हादसे के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। पुलिस पूरे मामले की बारीकी से जांच कर रही है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि राकेश चौधरी ने आत्मदाह की कोशिश खुद की थी या इसके पीछे कोई और वजह थी। फिलहाल सभी घायलों का इलाज पीएमसीएच में चल रहा है, जहां डॉक्टर उनकी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।