फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar News: प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के नाम पर करोड़ों की ठगी का भंडाफोड़, ऐसे हत्थे चढ़ा साइबर ठगी गिरोह

Mon, 28 Oct 2024 09:07 PM IST
हिमांशु प्रियदर्शी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नालंदा

सार

Nalanda News: पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की विभिन्न धाराओं और आईटी एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। जबकि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापामारी अभियान जारी है। पढ़ें पूरी खबर...।
विज्ञापन
पुलिस ने चार आरोपी किए गिरफ्तार, तीन अब भी फरार - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

नालंदा के कतरीसराय में पुलिस ने एक बड़े साइबर ठगी गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो प्रधानमंत्री मुद्रा योजना और कुसुम योजना के नाम पर लोगों से करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी कर रहा था। इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक नालंदा के निर्देश पर डीएसपी राजगीर सुनील कुमार सिंह के नेतृत्व में की गई, जिसमें अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी और कतरीसराय थाने की टीम ने अहियाचक गांव में छापामारी की।

विज्ञापन

 
साइबर ठग गिरोह से यह सामान बरामद
जानकारी के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान देवजीत कुमार उर्फ देवा, चिराग पासवान, बिक्की साव और मनोज कुमार के रूप में की गई है। एक नाबालिग को भी हिरासत में लिया गया है, जबकि गिरोह के तीन सदस्य अब भी फरार हैं। पुलिस छापामारी में साइबर ठगी में इस्तेमाल किए गए छह लैपटॉप, नौ एंड्रॉयड मोबाइल, 14 कीपैड मोबाइल, एक प्रिंटर मशीन, तीन एटीएम कार्ड, 1.57 लाख रुपये नकदी, दो पासबुक, एक चेकबुक और ग्राहकों के मोबाइल नंबरों की नौ कॉपियां बरामद की हैं।
 
सोशल मीडिया पर फर्जी विज्ञापन से करते थे ठगी
गिरोह के सदस्य सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री मुद्रा योजना और कुसुम योजना के नाम पर फर्जी विज्ञापन जारी करते थे। इन विज्ञापनों के माध्यम से लोगों को आसान लोन और सस्ते सोलर पंप प्रदान करने का झांसा दिया जाता था। जब लोग इस योजना के तहत लोन या अन्य सुविधाओं के लिए संपर्क करते थे, तो उनसे पंजीकरण शुल्क या अन्य शुल्क के नाम पर बड़ी रकम ऐंठी जाती थी।
विज्ञापन

 
साइबर पुलिस पोर्टल पर शिकायतें दर्ज
जांच के दौरान पता चला कि इन आरोपियों के खिलाफ विभिन्न राज्यों से धोखाधड़ी की कई शिकायतें साइबर पुलिस पोर्टल पर दर्ज हैं। इस गिरोह की गतिविधियों से कई राज्यों के लोग ठगी का शिकार बने हैं।
 
इस मामले में तीन अन्य आरोपी फरार हैं, जिनमें धनंजय साव उर्फ धनंजय कुमार, अनुज कुमार उर्फ अनुज साव और आलोक रंजन उर्फ देवशीष कुमार शामिल हैं। इन सभी के खिलाफ आईपीसी की विभिन्न धाराओं और आईटी एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। कतरीसराय थानाध्यक्ष सत्यम तिवारी ने बताया कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापामारी अभियान जारी है।
 
छापामारी में शामिल पुलिस बल
थानाध्यक्ष सत्यम तिवारी ने आम लोगों से अपील की है कि वे ऐसे लुभावने विज्ञापनों से सावधान रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। छापामारी में दारोगा गुरुदेव खड़िया, आदित्य कुमार, रुदल पासवान और सशस्त्र पुलिस बल शामिल रहे, जिन्होंने कुशलतापूर्वक इस ऑपरेशन को अंजाम दिया।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें