फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar: पीएम के दौरे से पहले उपेंद्र कुशवाहा ने दिखाई राजनीतिक ताकत, बिक्रमगंज में विशाल रैली को किया संबोधित

Sun, 25 May 2025 06:26 PM IST
शबाहत हुसैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सासाराम

सार

Bihar Politics: उपेंद्र कुशवाहा ने स्पष्ट कहा कि यदि 2011 की जनगणना के आधार पर परिसीमन किया जाए, तो बिहार में लोकसभा की सीटें 40 से बढ़कर 60 हो सकती हैं और विधानसभा सीटों की संख्या भी बढ़ेगी। इससे खास तौर पर पिछड़े और वंचित वर्गों को राजनीतिक भागीदारी में अधिक अवसर मिलेंगे।

 

विज्ञापन
उपेंद्र कुशवाहा - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 30 मई को प्रस्तावित बिक्रमगंज दौरे से ठीक पहले राष्ट्रीय लोकमत पार्टी (आरएलएम) के सुप्रीमो उपेंद्र कुशवाहा ने अपनी ताकत का प्रदर्शन किया। रविवार को बिक्रमगंज इंटर कॉलेज मैदान में आयोजित संवैधानिक अधिकार एवं परिसीमन सुधार रैली में भारी भीड़ उमड़ी। उपेंद्र कुशवाहा ने दीप प्रज्वलित कर रैली का शुभारंभ किया और जनसैलाब को देखकर मंच से सभी का अभिवादन किया।

रैली को संबोधित करते हुए कुशवाहा ने कहा कि भारत के संविधान में जनसंख्या के आधार पर चुनाव क्षेत्रों की संख्या तय करने का प्रावधान है। पहले तीन जनगणनाओं के बाद इस आधार पर लोकसभा और विधानसभा क्षेत्रों की संख्या बढ़ाई गई थी। लेकिन आपातकाल के दौरान केंद्र सरकार ने एक संशोधन कर इस प्रक्रिया पर 25 वर्षों के लिए रोक लगा दी थी। बाद में 2001 में इसे फिर से 25 वर्षों के लिए टाल दिया गया। अब यह समय सीमा 2026 में समाप्त हो रही है, जिसके बाद देश में एक बार फिर परिसीमन होना अनिवार्य है।

बिहार-यूपी को हो रहा है नुकसान

विज्ञापन

कुशवाहा ने कहा कि मौजूदा स्थिति में बिहार और उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्यों के साथ अन्याय हो रहा है। जबकि दक्षिण भारत के कई राज्यों में एक सांसद को चुनने वाले मतदाताओं की संख्या 10 लाख के आसपास है, वहीं बिहार में यह आंकड़ा 30 लाख के करीब पहुंच चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि दक्षिण के कई राज्य परिसीमन का विरोध कर रहे हैं, लेकिन यह उत्तर भारत के विकास के साथ अन्याय है।
 
पढ़ें: चलती ट्रैक्टर ट्रॉली में लगी भीषण आग, देखते ही देखते जलकर हुई राख; चालक ने कूदकर बचाई जान
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि हमारी पार्टी अब इसके खिलाफ निर्णायक लड़ाई लड़ेगी और जरूरत पड़ी तो सड़क से संसद तक आंदोलन करेगी। कुशवाहा ने बिहार की सभी राजनीतिक पार्टियों से आह्वान किया कि वे मिलकर इस विषय पर एकजुट हों और संवैधानिक अधिकारों की बहाली के लिए जनआंदोलन खड़ा करें। उन्होंने यह भी कहा कि अगर क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व बढ़ेगा, तो केंद्र से विकास की राशि भी अधिक आएगी, जिससे आम लोगों को सीधा लाभ होगा।

कई नए सदस्य बने पार्टी का हिस्सा

विज्ञापन

रैली के दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने राष्ट्रीय लोकमत पार्टी की सदस्यता भी ग्रहण की। इस अवसर पर पार्टी के संसदीय बोर्ड अध्यक्ष आलोक सिंह, जिला अध्यक्ष कपिल कुमार समेत प्रदेश स्तरीय पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें