पटना जिले के विभिन्न नगर निकायों की कार्यप्रणाली और संचालन से जुड़ी योजनाओं की समीक्षा के लिए जिलाधिकारी डॉ. चंद्रशेखर सिंह ने बुधवार को एक अहम बैठक आयोजित की। बैठक में नगर निकायों की आधारभूत संरचना, मॉनसून पूर्व तैयारियों और प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 समेत कई महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। उन्होंने सभी नगर कार्यपालक पदाधिकारियों को जनहित की योजनाओं के सफल क्रियान्वयन का निर्देश दिया।
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16 नगर निकायों की स्थिति का लिया जायजा
पटना नगर निगम के अलावा जिले में कुल 16 नगर निकाय हैं, जिनमें 11 नगर परिषद और पांच नगर पंचायत शामिल हैं। बैठक में इन सभी नगर निकायों की कार्यप्रणाली की विस्तार से समीक्षा की गई। नगर परिषदों में बाढ़, बिहटा, दानापुर, खगौल, मसौढ़ी, मोकामा, फुलवारीशरीफ, सम्पतचक, बख्तियारपुर, फतुहा और मनेर शामिल हैं। जबकि नगर पंचायतों में खुशरूपुर, नौबतपुर, पुनपुन, पालीगंज और बिक्रम का समावेश है।
नगर निकाय कार्यालयों के लिए भवन निर्माण पर जोर
जिलाधिकारी ने बताया कि 16 नगर निकायों में से 11 के पास अपने कार्यालय भवन हैं। जबकि पांच निकायों के कार्यालय अभी भी अस्थायी रूप से सामुदायिक भवनों, पंचायत भवनों या किराए के निजी भवनों में संचालित हो रहे हैं। इन नगर निकायों में नगर परिषद बिहटा, फुलवारीशरीफ, सम्पतचक और नगर पंचायत पुनपुन व पालीगंज शामिल हैं। उन्होंने अपर समाहर्ता को निर्देश दिया कि संबंधित अंचल अधिकारियों से भूमि प्रस्ताव मंगाकर 24 घंटे के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। दो दिनों के भीतर इन पांच नगर निकायों के कार्यालय भवनों के लिए जमीन के प्रस्ताव को नगर विकास एवं आवास विभाग को भेजने के निर्देश दिए गए।
मॉनसून पूर्व तैयारियों को लेकर सख्त निर्देश
आगामी मॉनसून को देखते हुए जिलाधिकारी ने नगर कार्यपालक पदाधिकारियों को नालों की सफाई और जल निकासी की सुचारू व्यवस्था के लिए अभी से तैयारी शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मुख्य नालों की उड़ाही, ब्रांच नालों की सफाई, आउटलेट की मरम्मत और जल-जमाव प्रवण क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दिया जाए।
वहीं, अनुमंडल पदाधिकारियों को नालों पर अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया गया, ताकि जल निकासी में कोई बाधा न आए। इसके अलावा संप हाउसों को क्रियाशील बनाए रखने और विद्युत आपूर्ति बाधित न होने को लेकर पेसू एवं विद्युत कार्यपालक अभियंताओं को सतर्क रहने को कहा गया। उन्होंने पीएचईडी अधिकारियों को निर्देश दिया कि शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में जल संकट न हो, यह सुनिश्चित किया जाए। मरम्मत योग्य चापाकलों की सूची तैयार कर शीघ्र उनकी मरम्मत करने के निर्देश दिए गए।
प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के आवेदनों के सत्यापन पर जोर
बैठक में जिलाधिकारी ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 के तहत प्राप्त आवेदनों के सत्यापन को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि बीएलसी घटक (लाभार्थी नेतृत्व निर्माण) के तहत सभी लाभुकों को चारों किस्तों की राशि समय पर मिले, यह सुनिश्चित किया जाए।
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अनुपस्थित नगर कार्यपालक अधिकारियों पर गिरी गाज
बैठक में बाढ़, सम्पतचक, फतुहा और नौबतपुर नगर निकायों के कार्यपालक पदाधिकारी 10:45 बजे तक अनुपस्थित पाए गए। जिलाधिकारी ने इन अधिकारियों का आज का वेतन रोकने का आदेश दिया और उनसे स्पष्टीकरण मांगा। अगर जवाब संतोषजनक नहीं रहा तो उन पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने दो टूक कहा कि लेट-लतीफी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही सभी अधिकारियों को समय से कार्यालय पहुंचकर कार्य-संस्कृति को बेहतर बनाने की दिशा में काम करना होगा।
नगर निकायों को प्रभावी बनाने के लिए ठोस प्रयास
बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने कहा कि नगर निकायों की कार्यप्रणाली को मजबूत और पारदर्शी बनाने के लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने सभी नगर कार्यपालक पदाधिकारियों को जनहित से जुड़ी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर ध्यान केंद्रित करने का निर्देश दिया।