अपहृत ईंट भट्ठा संचालक चन्द्र किशोर सिंह।
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इस संबंध मे डीएसपी अभिषेक सिंह ने बताया कि गिरफ्तार राहुल रंजन और अपहृत चन्द्र किशोर सिंह के बीच 2023 से करीब अस्सी लाख से एक करोड़ रुपए का लेन-देन का विवाद चला आ रहा था। दोनों उस वक्त पार्टनरशीप पर ईंट भट्ठा संचालित कर रहे थे। इसी को लेकर राहुल रंजन ने अपने साथियो के साथ ईंट भट्ठा संचालक के अपहरण कर हत्या की योजना बना डाली। इसके बाद राहुल रंजन अपने एक दर्जन साथियो के साथ हथियार से लैस ईंट भट्ठा संचालक के पास पहुंचा और हथियार के बल पर उसका अपहरण कर विधिपुर गाँव स्थित गंगा के किनारे सुनसान क्षेत्र मे ले गया।
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घटना की सूचना मिलते ही पुलिस हरकत में आई और पुलिस ने जगह-जगह वाहन जांच पड़ताल शुरू कर दी। आनन फानन मे वरीय अधिकारियों के निर्देश पर डीएसपी 2 अभिषेक सिंह के नेतृत्व मे एक टीम गठित कर जांच पड़ताल शुरू कर दी गई। जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि अपराधियों ने बदमाशो ने अपहृत चन्द्र किशोर सिंह को हत्या की नियत से गंगा किनारे मे रखे हुए है। पुलिस ने दबिश बनाया और विधिपुर स्थित गंगा के किनारे से अपहृत ईंट भट्ठा संचालक को सकुशल बरामद कर लिया। अपहृत चन्द्र किशोर सिंह वर्तमान मे सालिमपुर के करौटा मे रहते हैं। इस संबंध मे डीएसपी अभिषेक सिंह ने बताया कि गिरफ्तार किए गए अपराधियों में से एक करौटा का ही राहुल रंजन, विधिपुर के मोहन कुमार पांडे, टुल्लू कुमार, सूरज कुमार, दीपू कुमार और निकेश कुमार शामिल है। इन अपराधियों ने इस घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है। इस मामल्के में फरार अपराधियों की भी शिनाख्त कर ली गई है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए सघन छापेमारी की जा रही है।