फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar Election: तेजस्वी का बड़ा एलान, कहा- जीविका दीदियों और संविदा कर्मियों को मिलेगा सरकारी कर्मी का दर्जा

Wed, 22 Oct 2025 10:40 AM IST
आदित्य आनंद न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

Bihar Assembly Election 2025: नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आगामी चुनाव को देखते हुए छठ महापर्व से पहले बिहार की जीविका दीदियों और संविदाकर्मियों को बड़ा तोहफा दिया है। उन्होंने जीविका दीदियों और संविदाकर्मियों को स्थायी करने की घोषणा की। आइए जानते हैं उन्होंने क्या-क्या बातें कहीं...
विज्ञापन
तेजस्वी यादव ने की प्रेस वार्ता। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बुधवार पोलो रोड स्थित अपने आवास पर प्रेस वार्ता की। आगामी चुनाव को देखते हुए उन्होंने दो बड़ी घोषणा की। तेजस्वी ने कहा कि बिहार के लोगों ने बदलाव का मन बना लिया है। लोग गरीबी, महंगाई, बेरोजगारी से परेशान हैं। हमलोगों ने जो संकल्प लिया था, जो घोषणाएं की, नीतीश सरकार ने उसकी भी नकल की। आज हमलोग बिहारवासियों को लिए दो बड़ी घोषणा करने जा रहे हैं। महागठबंधन की सरकार बनते ही इसे लागू करेंगे। तेजस्वी यादव जो कहता है, वह करता है। क्योंकि पिछले चुनाव के वक्त हमने जो बातें कहीं, उसे 17 महीने के कार्यकाल के दौरान पूरा कर दिया।

विज्ञापन


तेजस्वी यादव ने जीविका दीदियों के लिए बड़ी घोषणा की है। कहा कि जीविका दीदियों का आज तक शोषण हुआ। उनके साथ अन्याय हुआ लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। हमारी सरकार बनते ही उन्हें सरकारी कर्मी का दर्जा दिया जाएगा। उनका शुरुआती वेतन 30 हजार रुपये होगा। उन्हें दो हजार रुपये प्रतिमाह अतिरिक्त कामों को लिए भत्ता दिया जाएगा। इतना ही नहीं उन्होंने जो ऋण लिए हैं, उसे भी ब्याज मुक्त कर दिया जाएगा। साथ ही उन्हें दो साल के लिए ब्याज मुक्त ऋण दिया जाएगा। इसके अलावा उनका पांच लाख तक का बीमा भी करवाया जाएगा। 

संविदा कर्मियों के लिए बड़ा एलान
इसके अलावा तेजस्वी यादव ने संविदा कर्मियों के लिए भी बड़ी घोषणाएं की। कहा कि उर्मिला और बेल्ट्रॉन के माध्यम से सरकार दो लाख से अधिक संविदाकर्मी से काम लेगी। उनके लिए हमारी घोषणा यह है कि बिहार में कार्यरत सभी संविदाकर्मियों को स्थायी किया जाएगा। अब उनका शोषण नहीं होगा। उन्हें मानसिक, शारीरिक और आर्थिक तनाव से मुक्ति दिलाने का काम किया जाएगा। ऐसा इसलिए होता है कि संविदाकर्मियों का सारा पैसा कमीशनखोरी में चला जाता है। सरकार इन संविदाकर्मियों का 18 फीसदी जीएसटी भी काटकर उन्हें वेतन देती है। इससे अच्छा उन्हें सरकारी नौकरी ही क्यों नहीं दे देती है।
विज्ञापन

Bihar: बिना सीट बांटे ही बिहार चुनाव में उतरा महागठबंधन, 243 सीटों पर 254 प्रत्याशी उतारे; 11 पर फ्रेंडली फाइट

MAA योजना लाने का भी किया एलान
तेजस्वी यादव ने कहा कि हमलोग पहले ही माई-बहिन मान योजना की घोषणा कर चुके हैं। अब हमलोग मां (MAA) योजना लाने जा रहे हैं। तेजस्वी ने MAA का मतलब समझाते हुए कहा कि एम का मतलब मकान, एक का मतलब अन्न, और ए का मतलब आमदनी। बिहार की हर माताओं और बहनों को यह तीनों चीजें उपलब्ध करवाई जाएंगी। सरकार बनते ही हमलोग इसे लागू करेंगे। बता दें कि बिहार में डेढ़ लाख से अधिक जीविका समूह हैं। जीविका दीदियों को संख्या करीब डेढ़ करोड़ है। वहीं 12 लाख से अधिक संविदाकर्मी अलग-अलग विभाग में तैनात हैं। पिछले कई साल से यह लोग राज्यकर्मी का दर्जा देने की मांग कर रहे हैं। 

नियोजित शिक्षकों को सरकारी कर्मी का दर्जा दिया
तेजस्वी यादव ने कहा कि इससे पहले हमलोगों ने नियोजित शिक्षकों को स्थायी करने की बात कही थी। तो उस वक्त के डिप्टी सीएम दिवंगत सुशील मोदी ने कहा था कि ऐसा संभव नहीं है। लेकिन, हमलोगों ने संभव कर दिखाया। नियोजित शिक्षकों को सरकारी कर्मी का दर्जा दिया। अब हमलोगों यह घोषणा की है कि राज्य के जितने संविदाकर्मी हैं, उन्हें स्थायी किया जाएगा। तेजस्वी यादव जो कहता है कि वह करता है। तेजस्वी यादव केवल बिहार नहीं चलाएगा, बल्कि राज्य के हर एक परिवार सरकार का हिस्सा बनकर शासन चलाएगा। तेजस्वी यादव ने कहा कि हमने पहले भी कहा कि जिन परिवारों में एक भी सरकारी नौकरी नहीं है, उन परिवारों के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाएगी। हमलोगों सरकार बनने के 20 दिन के अंदर कानून बनाएंगे। और 20 महीने के अंदर हर परिवार के एक सदस्य को नौकरी देंगे।
विज्ञापन


इस बार 143 सीटों पर चुनाव लड़ रहा है राजद
बता दें कि इस बार चुनाव में राजद ने 143 सीटों पर अपने प्रत्याशी उतारे हैं। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव वैशाली जिले की राघोपुर विधानसभा सीट से चुनाव मैदान में उतरेंगे। राघोपुर सीट तेजस्वी यादव का पारंपरिक गढ़ मानी जाती है। 2020 के विधानसभा में तेजस्वी यादव से जीते थे। वहीं राजद ने पूर्व मंत्री और महुआ से पहले बार चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे तेज प्रताप यादव की जगह इस बार मुकेश रोशन को टिकट दिया गया है। इसके अलावा 24 महिलाओं को भी टिकट दिया गया है। राजद ने अपने वोट बैंक का भी बखूबी ख्याल रखा। इस बार 50 यादव, 18 मुस्लिम को टिकट दिया गया है सूची में कई नए चेहरों के साथ वरिष्ठ नेताओं को भी मौका दिया गया है। वहीं 76 विधायकों में से 31 को भी बेटिकट कर दिया गया है। 

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें