फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar: आशा कार्यकर्ताओं ने टीकाकरण के लिए पहुंची महिलाओं को चप्पलों से पीटा; फुलवारी शरीफ अस्पताल का मामला

Fri, 21 Jul 2023 05:16 PM IST
हिमांशु प्रियदर्शी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

मेडिकल मैनेजर ने बताया कि यह मामला काफी गंभीर है और दोनों लोगों को इसके लिए संयम बरतना चाहिए। वहीं, अस्पताल के प्रभारी डॉ. महेश कुमार ने बताया कि उन्होंने आशा कार्यकर्ताओं को इसके लिए कड़ी फटकार लगाई है। उन्होंने बताया कि आशा कार्यकर्ताओं को अपनी मांग शांतिपूर्वक प्रदर्शन से करनी चाहिए।
विज्ञापन
झगड़े के दौरान आशा कार्यकर्ता और दो महिलाएं - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बिहार के पटना में आशा कार्यकर्ताओं द्वारा टीकाकरण के लिए अस्पताल पहुंची महिलाओं को चप्पल से पीटने का मामला सामने आया है। इसे लेकर अस्पताल के बाहर घंटों अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। इस मामले को अस्पताल प्रबंधन ने गंभीरता से लिया है। दरअसल, आशा कार्यकर्ता अपनी 14 सूत्री मांगों को लेकर पिछले 17 जुलाई से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। हड़ताल के दौरान उन्होंने अस्पताल के बाहर मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया। आशा कार्यकर्ता ने किसी भी मरीज को अस्पताल के अंदर जाने से पूरी तरह रोक लगा दी है।

विज्ञापन


जानकारी के मुताबिक, गुरुवार को कुछ दो महिलाएं अपने बच्चों के टीकाकरण के लिए फुलवारी शरीफ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंची थीं। इस दौरान आशा कार्यकर्ताओं ने जब उन्हें रोकना चाहा तो महिलाओं और आशा कार्यकर्ताओं के बीच तू-तू मैं-मैं शुरू हो गई। देखते ही देखते बात इतनी बिगड़ गई कि आशा कार्यकर्ताओं ने दोनों महिलाओं को चप्पल से पीटना शुरू कर दिया। घटना के बाद अस्पताल के बाहर घंटों अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। मामले की सूचना मिलते ही अस्पताल के प्रभारी डॉ. महेश कुमार और अस्पताल की मेडिकल मैनेजर शिप्रा चौहान मौके पर पहुंचे और बीच-बचाव करवाया।

मेडिकल मैनेजर ने बताया कि यह मामला काफी गंभीर है और दोनों लोगों को इसके लिए संयम बरतना चाहिए। इसी दौरान अस्पताल के प्रभारी डॉ. महेश कुमार ने बताया कि उन्होंने आशा कार्यकर्ताओं को इसके लिए कड़ी फटकार लगाई है। उन्होंने बताया कि आशा कार्यकर्ताओं को अपनी मांग शांतिपूर्वक प्रदर्शन से करनी चाहिए। उन्हें इसके लिए उग्र रूप धारण नहीं करना चाहिए। कल की घटना पर उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि यह एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना है। घटना के बाद इसका वीडियो सोशल मीडिया पर शुक्रवार को तेजी से वायरल हो गया।
विज्ञापन


बताया जा रहा है कि जिन महिलाओं के साथ आशा कार्यकर्ताओं ने मारपीट की है। वे महिलाएं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र फुलवारी शरीफ के पूर्व प्रभारी रहे डॉक्टर बीपी सिंह की दो बेटियां थीं।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें